चित्तौड़गढ़ 07 मई। स्मार्ट हलचल|राज्य में स्थापत्य कला बोर्ड का पुनर्गठन करने एवं आगामी जनगणना में कुमावत जाति के उल्लेख सहित राजस्थान में कुमावत समाज के उचित प्रतिनिधित्व की विभिन्न मांगों को लेकर राजस्थान क्षत्रिय कुमावत युवाशक्ति समिति चित्तौड़गढ़ द्वारा गुरूवार 7 मई को मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया।समिति के लक्ष्मीनारायण बड़वाल ने बताया कि प्रस्तुत ज्ञापन में सरकार के समक्ष अपनी 5 सूत्रीय मांगें रखी जिन पर कार्रवाई की मांग की गई जिनमें समाज की ऐतिहासिक शिल्पकला के संरक्षण हेतु स्थापत्य कला बोर्ड का पुनर्गठन करते हुए शीघ्र ही अध्यक्ष नियुक्त करने, कुमावत जाति की सही संख्यात्मक स्थिति के लिए जनगणना में अलग कॉलम दिये जाने की मांग की गई। समिति ने स्पष्ट किया कि शीघ्र की समस्या निराकरण नहीं होने पर प्रदेश भर में जिला स्तर पर उग्र आंदोलन, धरना-प्रदर्शन किये जाएंगे जिसका असर आने वाले चुनावों में दिखेगा। उन्होंने बताया कि कुमावत जाति की अपनी स्वतंत्र पहचान है और अपने अधिकारों से अब और वंचित नहीं रहेंगे।
इस मौके पर पूर्व प्रदेश मंत्री आनंद अजमेरा, जिलाध्यक्ष हेमन्त कुमावत, रमाकांत नाहर, रितेश नाहर, राजकुमार लाड़ना, हेमंत मोरवाल, शंकरलाल ओस्तवाल, रोहित मोरवाल, रतन मंडोवरा लोकेश नाहर, प्रकाश पालड़िया, पुष्कर ओस्तवाल, शुभम, उत्पल नाहर, दिनेश पालड़िया, मनीष नाहर, दिलखुश कड़वाल, राधेश्याम जाजपुरा सहित कई समाजजन मौजूद रहे।
