सुरेश चंद्र मेघवंशी
भीलवाड़ा । विशिष्ट न्यायिक मजिस्ट्रेट एनआई एक्ट-2 न्यायालय ने चेक अनादरण के पांच मामलों में अभियुक्त घीसू खटीक को दोषमुक्त कर दिया। यह मामले कुल 13 लाख 50 हजार रुपये से संबंधित थे। जानकारी के अनुसार केस नंबर 126/22, 127/22, 128/22, 129/22 एवं 130/22 में परिवादी लादूलाल मटोरिया निवासी रायला ने अभियुक्त घीसू खटीक पिता देवीलाल खटीक निवासी रायला के खिलाफ न्यायालय में परिवाद प्रस्तुत किए थे। परिवादी का आरोप था कि घीसू खटीक ने उनसे 13.50 लाख रुपये उधार लिए थे तथा भुगतान के बदले पांच चेक दिए थे, जो अनादरित हो गए। मामले में अभियुक्त पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता राजू डिडवानिया ने पैरवी करते हुए न्यायालय में अपने तर्क एवं कानून संबंधी पक्ष प्रस्तुत किया। समस्त साक्ष्यों एवं विचारण के बाद न्यायालय ने अधिवक्ता द्वारा प्रस्तुत तथ्यों से सहमत होते हुए अभियुक्त घीसू खटीक को पांचों मामलों में दोषमुक्त कर दिया।
मामले की पैरवी भीलवाड़ा जिले के वरिष्ठ अधिवक्ता राजू डिडवानिया ने की।
