ब्यावर में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया भगवान शांतिनाथ का जन्म, तप व मोक्ष कल्याणक महोत्सव

अनिल कुमार

जिनालयों में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब, नसियां जी में हुआ स्वर्ण कलशाभिषेक; चढ़ाए गए निर्वाण मोदक

स्मार्ट हलचल|श्री दिगंबर जैन समाज द्वारा शुक्रवार को देवाधिदेव 1008 श्री शांतिनाथ भगवान का जन्म, तप एवं मोक्ष कल्याणक महोत्सव अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर ब्यावर शहर के सभी दिगंबर जैन जिनालयों में सुबह से ही धार्मिक अनुष्ठानों की धूम रही। मंदिरों में भगवान शांतिनाथ का भक्तिभाव से अभिषेक, शांतिधारा, पूजन एवं विधान संपन्न हुए, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर धर्म लाभ उठाया।

नसियां जी में गूंजे जयकारे, परिवारों को मिला अभिषेक का सौभाग्य
दिगंबर जैन समाज के प्रवक्ता अमित गोधा ने बताया कि मुख्य आयोजन ‘श्री दिगंबर जैन पंचायत नसियां जी’ में संपन्न हुआ। यहाँ भगवान शांतिनाथ का प्रथम स्वर्ण कलशाभिषेक एवं शांतिधारा बड़े ही भक्तिभाव के साथ की गई। इस अवसर पर दीपक-अभिनव जैन, महेश जैन, नीरज-मोहित जैन, सुनील विविध जी जैन चौधरी तथा शशिकांत-राहुल गदिया परिवार को स्वर्ण कलश से अभिषेक व शांतिधारा करने का पुण्य सौभाग्य प्राप्त हुआ। पूरा मंदिर परिसर भगवान शांतिनाथ के जयघोष और भक्तिमय भजनों से गुंजायमान रहा।

विश्व कल्याण की प्रार्थना और निर्वाण मोदक का अर्पण
महोत्सव के दौरान महिलाओं द्वारा मंगलाचरण और भक्ति गीत प्रस्तुत किए गए। श्रद्धालुओं ने भगवान शांतिनाथ के जीवन चरित्र और त्याग को याद करते हुए उनके बताए सत्य, अहिंसा एवं संयम के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। भगवान शांतिनाथ के मोक्ष कल्याणक के उपलक्ष्य में ब्यावर के सभी जिनालयों में श्रद्धापूर्वक निर्वाण मोदक चढ़ाए गए। कार्यक्रम के अंत में सामूहिक आरती और भक्तामर पाठ का आयोजन हुआ, जहाँ श्रद्धालुओं ने देश और विश्व में सुख-शांति की कामना की।

समाज के प्रबुद्ध जन रहे उपस्थित
इस भव्य धार्मिक महोत्सव में समाज के अध्यक्ष अशोक काला, मंत्री विजय फागीवाला, शशिकांत गदिया, जम्बू कुमार रावका, राजकुमार पहाड़िया, कमल रावका, दिनेश अजमेरा, अतुल पाटनी, नवीन बाकलीवाल, विकल कासलीवाल, आशीष बाकलीवाल, कल्पेश जैन सहित जैन समाज के सैकड़ों महिला, पुरुष और बच्चे उपस्थित रहे। पूरे दिन जिनालयों में दर्शनार्थियों का तांता लगा रहा और माहौल पूरी तरह धर्ममय बना रहा।