ईसरदा बांध का पानी निवाई क्षेत्र को नहरी तंत्र से जोड़ने की मांग, किसानों में जगी उम्मीद

भरत देवड़वाल

जयपुर-निवाई। स्मार्ट हलचल।किसान महापंचायत द्वारा ईआरसीपी सिंचाई परियोजना के तहत ईसरदा बांध का पानी निवाई क्षेत्र को नहरी तंत्र से जोड़ने की मांग को लेकर चलाई गई पांच दिवसीय “जल यात्रा” का समापन पलेई में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम सम्मान समारोह के साथ शनिवार देर रात सम्पन्न हुआ।

यात्रा का विवरण:
किसान महापंचायत ब्लॉक अध्यक्ष निवाई दशरथ सिंह पलेई ने बताया कि जल यात्रा का शुभारंभ 27 मई को पहाड़ी गांव से किया गया। यात्रा ने निवाई तहसील की 52 ग्राम पंचायतों का दौरा किया। जगह-जगह नुक्कड़ सभाओं व रात्रि चौपालों के माध्यम से किसानों से चर्चा कर उनकी पीड़ाएं सुनी गईं। ग्राम सभाओं से लोगों में जनजागृति पैदा हुई और हर जगह किसान महापंचायत का भव्य स्वागत किया गया।

किसानों का संकल्प:
यात्रा के दौरान किसानों में नहर को लेकर जबरदस्त जोश देखा गया। किसानों ने वादा किया कि जब तक निवाई क्षेत्र को नहर का पानी नहीं मिलता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा। रामपाल जाट ने कहा कि ईसरदा बांध के नजदीक के किसानों को पहले पानी मिलना चाहिए, उसके बाद ही दूसरों का उस पर अधिकार बनता है।

आंदोलन की चेतावनी:
राष्ट्रीय अध्यक्ष रामपाल जाट ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन द्वारा निवाई क्षेत्र को अति शीघ्र नहरी तंत्र से जोड़ने का प्रस्ताव नहीं भेजा गया, तो सभी गांवों के किसान मिलकर बड़ा आंदोलन करेंगे और विधानसभा का घेराव किया जाएगा।

समापन समारोह में उपस्थित पदाधिकारी:

समापन समारोह में कच्ची घोड़ी नृत्य, नुक्कड़ नाटक व रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से जल यात्रा का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में सैकड़ों महिला-पुरुष देर रात तक उपस्थित रहे। सभी अतिथियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
प्रदेश उपाध्यक्ष रोहतास बोहरा, राष्ट्रीय महासचिव अकबर खान, प्रदेश अध्यक्ष मुसद्दीलाल यादव, प्रदेश मंत्री बत्ती लाल बेरवा, युवा प्रदेश अध्यक्ष रामेश्वर प्रसाद चौधरी, गोपीलाल डबास, जिलाध्यक्ष गोपीलाल, उपाध्यक्ष सीताराम खादवाल, राधेश्याम गोहरपुरा, ब्लॉक कोषाध्यक्ष मोहनलाल चौधरी, महामंत्री शंकर लाल मीणा, महासचिव गोविंद चौधरी, सचिन, गणेश नारायण मीणा, नवल सिंह राजावत, राजाराम चौधरी, सूरज नारायण जाट, लक्ष्मण मीणा, खेमराज मीणा, शिवजी राम सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी व किसान मौजूद रहे।