महेंद्र कुमार सैनी
स्मार्ट हलचल/नगर फोर्ट अखिल भारतीय श्री धाकड़ महासभा द्वारा समाज में जागरूकता और एकता के उद्देश्य से ‘धाकड़ दर्शन यात्रा’ का आयोजन किया जा रहा है। यह यात्रा 15 जून 2026, सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर शुरू होगी।10 जून को हुई बैठक में तैयारियों को दिया अंतिम रूप
यात्रा की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए 10 जून को मांडकला में महासभा की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। अखिल भारतीय श्री धाकड़ महासभा के प्रांतीय अध्यक्ष एवं उनियारा निवासी पूर्व तहसीलदार राधा किशन धाकड़ की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में जिला अध्यक्षों और प्रमुख पदाधिकारियों ने भाग लिया। बैठक में धाकड़ दर्शन यात्रा की रूपरेखा तय करने के साथ-साथ सभी तैयारियों की गहन समीक्षा की गई।
*मिनी पुष्कर से होगा शुभारंभ*
महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष तुलसीराम धाकड़ (कोटा) के नेतृत्व में यह यात्रा मिनी पुष्कर, मांडकला स्थित भगवान श्री धरणीधर के राष्ट्रीय मंदिर से प्रारंभ होकर संपूर्ण भारत के धाकड़ समाज के गांव-ढाणियों तक पहुंचेगी।
पहले चरण में तीन जिले शामिल
यात्रा का प्रथम चरण 15 जून से 22 जून 2026 तक चलेगा। इस दौरान टोंक, बूंदी और सवाई माधोपुर जिले के गांवों में कार्यक्रम आयोजित होंगे। राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वयं गांवों में धाकड़ समाज के मंदिरों और प्रमुख स्थानों पर पहुंचकर लोगों से संवाद करेंगे।
यात्रा के दौरान सामाजिक कुरीतियों और विकास के मुद्दों पर विशेष चर्चा होगी।सामाजिक सुधार:मृत्युभोज, बाल विवाह और खर्चीली शादियों पर रोक • शिक्षा: बालिका शिक्षा व उच्चतर शिक्षा को बढ़ावा देना • युवा और परिवार: बच्चों को मोबाइल से दूर रखना, शादी में छावड़ा देखने और प्री-वेडिंग पर रोक • पर्यावरण: सिंगल यूज प्लास्टिक पर रोक, खेतों में अधिक पेड़ लगाना, जैविक खेती को बढ़ावा • समाज संगठन: सामूहिक विवाह सम्मेलन, समाज में एकता व संगठन को मजबूत करना, प्रतिभाओं का सम्मान • ग्रामीण विकास: प्रत्येक परिवार को देशी गाय पालने के लिए प्रेरित करना ।महासभा ने सभी समाज बंधुओं से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में अपने गांव या आसपास के क्षेत्र में निकलने वाली यात्रा में शामिल हों।
