राधेश्याम मंदिर ट्रस्ट की दुकान नीलामी विवाद प्रकरण में नया मोड़. ट्रस्ट के दो सदस्यों ने दिया इस्तीफा देवस्थान विभाग को भेजा इस्तीफा

रणवीर सिंह चौहान

स्मार्ट हलचल/ भवानी मंडी. राधेश्याम मंदिर ट्रस्ट की दुकान नीलामी विवाद प्रकरण में शहर के सोशल मीडिया में घमासान मचा हुआ है चर्चाओं का बाजार में नए विवाद में ट्रस्ट के दो सदस्यों गोविंद गुप्ता और द्वारका दास पोरवाल ने आज ट्रस्ट की सदस्यता से इस्तीफा देते हुए इस्तीफा की कॉपी देवस्थान विभाग को भी प्रेषित की है. विस्तृत घटनाक्रम के अनुसार विगत माह की 18 मई को राधेश्याम मंदिर ट्रस्ट ने स्टेशन रोड पर एक दुकान जिस पर किराएदार काबिज था की कथित नीलामी की गई थी जो 65 लख रुपए में बिकी थी 19 मई को तहसील में रजिस्ट्री हुई रजिस्ट्री के बाद मानो नगर में असंतोष की स्थिति बन गई नीलामी कैंसिल करने के विरोध में 26 मई को जैन बोर्डिंग में एक सर्वधर्म हिंदू समाज की बैठक संपन्न हुई जिसमें नीलामी कैंसिल करने तथा अध्यक्ष के के राठी के खिलाफ कार्रवाई हेतु एक समिति का गठन किया गया जिसमें वरिष्ठ जन डॉक्टर जेके अरोड़ा. वरिष्ठ एडवोकेट ईश्वर चंद भटनागर .प्रितपाल सिंह व अन्य को लिया गया नीलामी के विरोध में अगले दिन 27 मई को शहर में एक जन आक्रोश रैली निकालकर उपखंड अधिकारी को ज्ञापन दिया गया जिसमें नीलामी को कैंसिल करते हुए ट्रस्ट के अध्यक्ष के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई प्रकरण शहर में सोशल मीडिया पर जबरदस्त उसी दिन से चल रहा है फिर 2 दिन पूर्व 21 जून को ट्रस्ट के पांच सदस्यों ने समिति को अपने हस्ताक्षर युक्त एक पत्र सौपा पत्र में अध्यक्ष को पद मुक्त करने की बात कही पत्र में 5 सदस्यों के हस्ताक्षर थे वह पत्र सोशल मीडिया पर भी खूब चला उसी दिन शाम को तीन सदस्यों ने पुनः ट्रस्ट के अध्यक्ष के के राठी के पक्ष में समर्थन में सोशल मीडिया पर पत्र डाला जिसकी भी नगर में खूब चर्चा हुई आज इस प्रकरण में फिर नया मोड़ आया जिसमें ट्रस्ट के दो सदस्य गोविंद गुप्ता तथा द्वारकाधीश पोरवाल ने भी ट्रस्ट
की सदस्यता से अपना इस्तीफा सौंप दिया दोनों इस्तीफा की कॉपी संवाददाता के पास है कॉपी में उन्होंने अपना इस्तीफा की कॉपी देवस्थान विभाग को भी भेजने की बात कही गई है पूरे प्रकरण में जहां समिति दुकान नीलामी को मिली भगत से नीलामी बताती है तथा लगभग एक करोड़ की दुकान को मिली भगत से 65 लख रुपए में बिकने की बात कहती है वहीं ट्रस्ट के अध्यक्ष के राठी का कहना है की दुकान की नीलामी नियम अनुसार की गई है उसमें किसी तरह की कोई मिली भगत नहीं है