(हरिप्रसाद शर्मा )
पुष्कर/ अजमेर/ स्मार्ट हलचल।अजमेर दरगाह में हिंदू शिव मंदिर होने के दावे से जुड़े मामले के वादी एवं महाराणा प्रताप सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजवर्धन सिंह परमार ने मंगलवार को अजमेर स्थित ख्वाजा मोइनुद्दीन हसन चिश्ती दरगाह के निकट अंदरकोट क्षेत्र में स्थित भाटा बावड़ी शिव मंदिर में पुष्कर सरोवर का पवित्र जल लाकर भगवान शिव का जलाभिषेक किया और विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।
सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए प्रशासन ने तीन थाना क्षेत्रों का पुलिस जाब्ता एवं एस्कॉर्ट उनके साथ तैनात किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। पूजा-अर्चना के बाद मीडिया से बातचीत में राजवर्धन सिंह परमार ने कहा कि वे दुनिया में एकमात्र भगवान ब्रह्मा की नगरी पुष्कर से जल लेकर इस शिव मंदिर में पहुंचे हैं। उन्होंने बताया कि भगवान से प्रदेश में सुख-शांति, विकसित राजस्थान, शिक्षित राजस्थान, नशा मुक्त राजस्थान तथा मजार मुक्त राजस्थान की प्रार्थना की है। उन्होंने कहा कि उनकी यात्रा आगे भी जारी रहेगी और आने वाले दिनों में पुनः यात्रा प्रारंभ की जाएगी। परमार ने कहा कि वे चाहते हैं कि राजस्थान विकास, शिक्षा और सामाजिक सुधार के मार्ग पर आगे बढ़े।
राजवर्धन सिंह परमार ने कहा कि इस मंदिर में उनका यह पहला आगमन है। उन्होंने मंदिर में दर्शन कर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि मंदिर के पीछे दरगाह स्थित है। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि पूरे राजस्थान के लोगों को यहां आना चाहिए और चादर चढ़ाने के बजाय भगवान शिव को जल चढ़ाना चाहिए।
दरगाह विवाद से जुड़े मामले का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इस प्रकरण में आगामी 22 जुलाई को अदालत में सुनवाई निर्धारित है। उन्होंने कहा कि इसी को लेकर उन्होंने भगवान शिव से प्रार्थना की है कि आने वाले समय में फैसला महादेव के पक्ष में आए। इसी भावना के साथ उन्होंने जलाभिषेक किया। परमार ने अपने दावे को दोहराते हुए कहा कि वहां पर शिव निकलेंगे। मैंने पहले भी कहा है कि अगर वहां शिव निकले तो हम जल चढ़ाएंगे और अगर शव निकले तो मेरा भी शव ले लेना।
