दो दिन की तलाश… तालाब में मिली दो मासूमों की लाशें

(महेन्द्र )

4 अक्टूबर को बड़े मंदिर क्षेत्र से गायब हुए थे दिव्यांशु-रजत, पालड़ी के तालाब में मिले शव; एसपी सागर राणा ने मौके पर पहुंचकर लिया जायजा
भीलवाड़ा।

भीलवाड़ा |स्मार्ट हलचल|दो दिन से जिन मासूमों की घर वापसी का इंतजार था, मंगलवार शाम वही इंतजार मातम में बदल गया। 4 अक्टूबर को बड़े मंदिर क्षेत्र से लापता हुए करीब 10 से 12 साल के दिव्यांशु और रजत के शव पालड़ी गांव के पास तालाब में मिले। शव मिलने की खबर जैसे ही परिजनों तक पहुंची, घरों में चीख-पुकार मच गई। पूरे इलाके में शोक और सन्नाटा छा गया।
दो दिन तक तलाश… फिर तालाब से निकली दर्दनाक खबर
दोनों बच्चे 4 अक्टूबर को बड़े मंदिर क्षेत्र से अचानक लापता हो गए थे। बच्चों के गायब होने के बाद परिजन उनकी तलाश में जुटे रहे और पुलिस ने भी संभावित स्थानों पर तलाश शुरू की। हर गुजरते घंटे के साथ परिजनों की चिंता बढ़ती गई। मंगलवार शाम पालड़ी के पास तालाब में दोनों बच्चों के शव मिलने की सूचना ने तलाश अभियान को दर्दनाक मोड़ दे दिया।
तालाब तक कैसे पहुंचे मासूम? पुलिस के सामने कई सवाल
घटना के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। बच्चे बड़े मंदिर क्षेत्र से पालड़ी के तालाब तक कैसे पहुंचे? दोनों एक साथ तालाब तक पहुंचे या उन्हें वहां कोई लेकर गया? मौत किन परिस्थितियों में हुई? इन सवालों के जवाब तलाशे जा रहे हैं। पुलिस घटना के हर संभावित पहलू की पड़ताल कर रही है।
सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। एसपी सागर राणा ने घटनास्थल का निरीक्षण कर अधिकारियों से जानकारी ली और मामले की गंभीरता से जांच के निर्देश दिए। घटनास्थल और बच्चों के लापता होने के घटनाक्रम को जोड़कर पुलिस सुराग तलाश रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट खोलेगी मौत का राज
दोनों शवों को आवश्यक कार्रवाई के लिए मोर्चरी में रखवाया गया है। पुलिस पोस्टमार्टम सहित कानूनी कार्रवाई में जुटी है। मौत डूबने से हुई या इसके पीछे कोई दूसरा कारण है, इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही होगा।
दो दिन तक सलामती की आस लगाए बैठे परिजनों के सामने जब मासूमों के शव पहुंचे तो उम्मीदें एक पल में मातम में बदल गईं। दो मासूम जिंदगियों के इस दर्दनाक अंत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया।