महेंद्र कुमार सैनी
स्मार्ट हलचल/नगर फोर्ट अलीगढ़ तहसील क्षेत्र ग्राम चौरु में कंकाली माता मंदिर परिसर से महिलाओं द्वारा कलश यात्रा शुरू की गई।आयोजित ‘विराट हिंदू सम्मेलन’ भव्यता के साथ संपन्न हुआ। इस सम्मेलन में हिंदू समाज की एकजुटता और सनातन धर्म के मूल्यों पर विशेष जोर दिया गया। कार्यक्रम में भारी संख्या में स्थानीय निवासियों और गणमान्य नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। वाहन रैली और भव्य ध्वज यात्रा से हुई शुरुआत सम्मेलन का आगाज एक विशाल वाहन रैली के साथ हुआ। इसके पश्चात कस्बे की महिलाओं द्वारा निकाली गई कलश यात्रा,भगवा ध्वज यात्रा विशेष आकर्षण का केंद्र रही,जिसमें महिलाएं गांव के मुख्य मार्गों से होते हुए नाचते-गाते हुए कार्यक्रम स्थल सैनी समाज छात्रावास तक पहुँचीं। कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत भारत माता के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ की गई।उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि सनातन धर्म ‘सर्वे भवन्तु’ की परिकल्पना पर आधारित है,जो सबके हितों की रक्षा करता है। हिंदू समाज को एकजुट होकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का संदेश दिया।इस अवसर पर महिलाओं द्वारा रैली व पुरूषो के द्वारा वाहन रैली निकाली व जागरूक किया।
विशाल कलशयात्रा,ध्वजा पूजन एवं द्वीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ विराट हिंदू सम्मेलन का आगाज:-
यहां बेड़ बाजे व डीजे के साथ विशाल कलशयात्रा व भगवान राम की शोभायात्रा निकाली गई जो मुख्य बाजार व गांव के चारों ओर होते हुए निकाली गई। बौद्धिक व साधु-संतों का आशीर्वचन,एकात्मकता मंत्र तथा डीजे के साथ श्रीराम भगवान की शोभायात्रा निकाली गई।हिन्दू सम्मेलन के आयोजन को लेकर कस्बे व मार्गों पर जगह-जगह भगवा ध्वज,पताकाएं और बैनर लगाएं गये।विराट हिन्दू सम्मेलन के आयोजन को लेकर सर्व समाज के लोगों व समिति के पदाधिकारियों द्वारा लोगों व महिलाओं से बड़ी संख्या में कलशयात्रा व कार्यक्रम में शामिल हुए। विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन संपन्न हुआ उसके बाद प्रसादी वितरण की गई।
*फूलों की बारिश से शोभायात्रा का स्वागत*:-
शोभायात्रा गांव के काकली माता मन्दिर से शुभारंभ की गई मुख्य मार्गों से होते हुए चौरु बस स्टैंड, बरवाड़ा रोड से होते हुए बालाजी चौंक पहुंची। इस दौरान ग्रामीणों नेजगह-जगह पुष्प वर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। शोभायात्रा के दौरान जगह जगह अखाड़ा के सदस्यों
ने पुरानी पंचायत भवन चौरु, बालाजी चौक, हनुमान मंदिर, पुराना बस स्टैंड और शिव मंदिर जैसे प्रमुख स्थलों पर व्यायाम और अखाड़ा का प्रदर्शन किया गया, जो आकर्षण का केंद्र रहा।
