भीलवाड़ा । ए.सी.बी. मुख्यालय के निर्देश पर ए.सी.बी. इन्टे, अजमेर इकाई आसींद के निकट अंटाली में कार्यवाही करते हुये भ्रष्टाचार में लिप्त आरोपी हेमराज खटीक ई-मित्र संचालक, यूडीसी हनुमान कुमार और तहसीलदार गणेश कछावा को गिरफ्तार किया है । आरोपी ई मित्र संचालक ने परिवादी की फर्म द्वारा लीज पर ली गई भूमि की लीज डीड पंजीयन करने के एवज में तहसीलदार के नाम पर 60 हजार रु रिश्वत मांगी थी । रिश्वत राशि मांग सत्यापन वार्ता दिनांक 9, 10.03.2026 को परिवादी से तहसीलदार अण्टाली गणेश कच्छावा द्वारा ई-मित्र संचालक हेमराज खटीक के मार्फत रिश्वत राशि लेना तय किया तथा मांग के अनुसरण में गुरुवार को तहसीलदार गणेश कच्छावा एवं अन्य के कहे अनुसार आरोपी हेमराज खटीक द्वारा परिवादी से रिश्वत राशि 60000 रूपये प्राप्त कर अपनी टेबल की दराज में रखी , जहां से रिश्वत राशि बरामद हुई। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक पुलिस गोविन्द गुप्ता ने बताया कि ए.सी.बी., इन्टे, अजमेर को एक शिकायत इस आशय की मिली कि परिवादी अपनी फर्म की ग्राम जवानपुरा तहसील अंटाली जिला भीलवाड़ा में लीज पर ली गई जमीन की लीज डीड रजिस्ट्रेशन हेतु ई-मित्र संचालक हेमराज साहू से मिला तो उसने कहा कि इसके लिए तहसीलदार गणेश कच्छावा से मीटिंग करनी होगी। इसके बाद मैं पुनः ई-मित्र संचालक से मिला तो उसने कहा कि आपकी मीटिंग करवा देता हूँ तहसीलदार ने एक ए.सी. व प्रति बीघा 10000 रूपये के लिए बोला है। उनसे मिलकर आवेदन कर दो आपका काम जल्दी हो जाएगा।जिस पर महावीर सिंह राणावत, पुलिस अधीक्षक के सुपरवीजन में कंचन भाटी, निरीक्षक पुलिस, ए.सी.बी. इन्टे०, अजमेर द्वारा ट्रेप कार्यवाही करते हुए आरोपी हेमराज खटीक को रिश्वत राशि 60000 रूपये लेते रंगे हाथों पकड़ा गया । भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस, श्रीमती स्मिता श्रीवास्तव के सुपरवीजन में आरोपीगण से पूछताछ तथा कार्यवाही जारी है। एसीबी द्वारा मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत मामला दर्ज कर अग्रिम जांच की जा रही है ।
