दिनेश साहू
आसींद भीलवाड़ा। स्मार्ट हलचल।जिले की करेड़ा तहसील अंतर्गत नवसृजित ग्राम पंचायत बड़डू के ग्रामीण पिछले एक साल से गंभीर पेयजल संकट का सामना कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि पूरे गांव में चंबल परियोजना की पाइपलाइन बिछी हुई है और उन्होंने कनेक्शन भी ले रखे हैं, बावजूद इसके पिछले एक साल से चंबल का पानी गांव में नहीं पहुंच रहा है।
तेज गर्मी में ग्रामीणों और मवेशियों की बढ़ी परेशानी
वर्तमान में भीषण गर्मी का दौर चल रहा है। जलस्रोत का कोई अन्य विकल्प न होने के कारण ग्रामीणों को पानी के लिए गांव से 1 से 2 किलोमीटर दूर भटकना पड़ रहा है। पानी की किल्लत से केवल ग्रामीण ही नहीं, बल्कि बेजुबान आवारा पशु भी बेहाल हैं, जो पानी की तलाश में दिनभर भटकते रहते हैं।
ग्रामीणों ने इस संबंध में जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर समस्या के स्थायी समाधान की मांग की है। ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि यदि भीषण गर्मी के बीच जल्द ही पेयजल आपूर्ति सुचारू नहीं की गई, तो क्षेत्र में जन-धन का बड़ा नुकसान हो सकता है। ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित कर चंबल परियोजना के तहत स्थायी पेयजल आपूर्ति बहाल करने की गुहार लगाई है।
इसके साथ ही नजदी की गांव रामपूरा तथा बलिया खेड़ा मैं भी ऊंट के मुंह में जीरा जैसी कहावत लागू हो रही है 15 दिनों में एक बार पानी देखने को मिल रहा है l
