देववाणी संस्कृत को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प: सचिव दीपक गैरोला

आदर्श संस्कृत ग्राम गोदा का किया निरीक्षण, बच्चों व महिलाओं ने संस्कृत संवाद से किया स्वागत

पौड़ी। स्मार्ट हलचल।उत्तराखंड शासन के संस्कृत शिक्षा सचिव दीपक कुमार गैरोला ने शनिवार को पौड़ी जनपद के आदर्श संस्कृत ग्राम गोदा का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामवासियों से संवाद करते हुए संस्कृत भाषा के संरक्षण, संवर्धन और भारतीय ज्ञान परंपरा से जुड़ने का आह्वान किया।उन्होंने कहा कि संस्कृत देववाणी है और उत्तराखंड देवभूमि है, इसलिए प्रत्येक नागरिक को संस्कृत संभाषण सीखने का प्रयास करना चाहिए। संस्कृत के अध्ययन से बच्चों में संस्कृति, संस्कार और चरित्र का विकास होता है तथा भारतीय ज्ञान परंपरा को सही मायनों में समझा जा सकता है।

समाचार सुनने और बोलने का अभ्यास करने की सलाह

सचिव गैरोला ने ग्रामवासियों से आकाशवाणी और दूरदर्शन के संस्कृत समाचार नियमित रूप से सुनने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि छोटे बच्चे की तरह सुनने और बोलने का अभ्यास करने से संस्कृत सहज रूप से सीखी जा सकती है।

छात्रवृत्ति और छात्रावास की दी जानकारी

उन्होंने बताया कि राज्य सरकार संस्कृत को दूसरी राजभाषा के रूप में मजबूत बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। बालिकाओं तथा अनुसूचित जाति एवं जनजाति के विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति योजनाएं संचालित हैं। साथ ही, उत्तराखंड संस्कृति विश्वविद्यालय में इस सत्र से शुरू हो रहे छात्रावास में प्रवेश लेने के लिए अभिभावकों और छात्राओं को प्रेरित किया।

संस्कृत को रोजगार और आधुनिक शिक्षा से जोड़ने पर जोर

उन्होंने बताया कि संस्कृत विद्यालयों में अब गणित और विज्ञान जैसे विषय भी शुरू किए जा रहे हैं तथा संस्कृत विद्यार्थियों के लिए परीक्षा सुधार की प्रक्रिया भी लागू की जा रही है। वैदिक गणित, मंत्र चिकित्सा, संस्कृत शास्त्रों में निहित वैज्ञानिक ज्ञान तथा संस्कृत को रोजगार से जोड़ने जैसे विषयों पर भी चर्चा हुई। आगामी कुंभ मेले के दौरान हरिद्वार और ऋषिकेश को संस्कृत नगरी के रूप में विकसित करने के सरकारी प्रयासों की भी जानकारी दी।

बच्चों और महिलाओं ने संस्कृत में किया संवाद

कार्यक्रम में बच्चों और महिलाओं ने संस्कृत संवाद, संस्कृत गीत और सुभाषित गान प्रस्तुत कर सभी को प्रभावित किया। ग्रामवासियों ने अपना परिचय भी संस्कृत भाषा में दिया, जिससे कार्यक्रम का वातावरण पूरी तरह संस्कृतमय हो गया।

प्रधान ने रखा विकास का प्रस्ताव

संस्कृत ग्राम गोदा के प्रधान सौरभ गोदियाल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए संस्कृत ग्राम के विकास से जुड़े विभिन्न प्रस्ताव प्रस्तुत किए।

संस्कृत संस्थान ने बताई योजनाएं

कार्यक्रम का संचालन उत्तराखंड संस्कृत संस्थान, हरिद्वार के शोध अधिकारी ने किया। उन्होंने आदर्श संस्कृत ग्राम योजना, संस्कृत दिवस, संस्कृत सप्ताह, ब्लॉक से राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं तथा सरकारी कार्यालयों में द्विभाषी नामपट्ट लगाने जैसे अभियानों की जानकारी दी।

स्वस्ति वाचन और पुष्पवर्षा से हुआ स्वागत

सचिव दीपक कुमार गैरोला के गोदा पहुंचने पर ग्रामवासियों ने मुख्य द्वार पर स्वस्ति वाचन एवं पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत किया।

ये रहे मौजूद

कार्यक्रम में पौड़ी के सहायक निदेशक मनोज कुमार सेमल्टी, नायब तहसीलदार सुदामा सिंह, देवीप्रसाद गोदियाल, राजस्व निरीक्षक विजेंद्र सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।