चोरू में रोडवेज बसों के बाईपास से निकलने पर ग्रामीणों में आक्रोश, 4 जून को हाईवे जाम की चेतावनी

मुख्यमंत्री आवास से लेकर एसडीएम तक गुहार बेकार,

जनसेवक गणेश शर्मा के अनशन के बाद ग्रामीणों ने दी 4 जून को NH-116 चक्का जाम की चेतावनी,

महेंद्र कुमार सैनी

स्मार्ट हलचल|नगर फोर्ट उपखंड उनियारा अलीगढ़ तहसील के चोरू क्षेत्र में रोडवेज प्रशासन की मनमानी और बस चालकों की लापरवाही को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। आरोप है कि अधिकांश रोडवेज बसें निर्धारित नियमों की अनदेखी करते हुए चोरू कस्बे के अंदर आने के बजाय सीधे बाईपास से निकल जाती हैं। इससे छात्र-छात्राओं, महिलाओं और बुजुर्गों को भीषण गर्मी में घंटों बस स्टैंड पर इंतजार करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार प्रतिदिन केवल एक-दो बसें ही कस्बे के अंदर प्रवेश कर रही हैं।इस समस्या के स्थायी समाधान की मांग को लेकर जनसेवक गणेश शर्मा सोमवार को एक दिवसीय अन्न-जल त्याग अनशन पर बैठ गए। अनशन की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और महिलाएं धरना स्थल पर पहुंच गईं। स्थिति को देखते हुए पंचायत समिति सदस्य फोरूलाल मीना मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बातचीत कर आगे की रणनीति तय करते हुए गणेश शर्मा का अनशन समाप्त करवाया।गणेश शर्मा ने बताया कि इस समस्या को लेकर वे पहले भी जयपुर स्थित मुख्यमंत्री आवास पर जाकर अपनी बात रख चुके हैं। इसके अलावा स्थानीय एसडीएम को कई बार लिखित ज्ञापन भी सौंपे गए, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
अनशन समाप्त होने के बाद ग्रामीणों और महिलाओं ने सर्वसम्मति से एक हस्तलिखित प्रस्ताव तैयार किया। इसमें प्रशासन को चेतावनी दी गई कि यदि आगामी दो दिनों में रोडवेज बसों का चोरू कस्बे के अंदर से नियमित संचालन शुरू नहीं किया गया, तो 4 जून को नेशनल हाईवे-116 (टोंक–सवाई माधोपुर मार्ग) पर पूर्ण चक्का जाम किया जाएगा। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि आंदोलन के दौरान उत्पन्न होने वाली किसी भी कानून-व्यवस्था संबंधी स्थिति की जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

क्या बोले संबंधित लोग

गणेश शर्मा (जनसेवक एवं अनशनकारी):
“हम लंबे समय से शांतिपूर्ण तरीके से ज्ञापन देकर समस्या के समाधान की मांग कर रहे हैं। मुख्यमंत्री आवास से लेकर एसडीएम कार्यालय तक सभी को अवगत कराया गया है, लेकिन हमारी समस्या को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा। अब यह लड़ाई आर-पार की होगी।”

इनका कहना है:-
फोरूलाल मीना (पंचायत समिति सदस्य):
“रोडवेज बसों का बाईपास के बजाय कस्बे के अंदर से संचालन होना चाहिए। ग्रामीणों के हित में अनशन समाप्त करवाया गया है, लेकिन यदि दो दिन में व्यवस्था नहीं सुधरी और लिखित आदेश जारी नहीं हुए, तो 4 जून को नेशनल हाईवे-116 पर चक्का जाम किया जाएगा।”