बूंदी, 9 जनवरी। स्मार्ट हलचल|बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति को जड़ से मिटाने के उद्देश्य से शुक्रवार को जिला प्रशासन, बाल अधिकारिता विभाग, महिला अधिकारिता विभाग, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण और राइज फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ के अंतर्गत एक दिवसीय जिला स्तरीय ओरिएंटेशन वर्कशॉप का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिले के विभिन्न विभागों के अधिकारियों और मैदानी स्तर के कार्मिकों ने शिरकत कर बाल विवाह रोकने की रणनीति पर चर्चा की।
कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में जिलाध्यक्ष रामेश्वर मीणा एवं नगर परिषद सभापति सरोज अग्रवाल उपस्थित रहे। इस दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव सरिता मीणा ने कानूनी प्रावधानों पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष सीमा पोद्दार, सदस्य रोहित कुमार, समाज कल्याण अधिकारी अर्पित जैन और प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ. मोबिन अख्तर ने भी अपने विचार साझा किए। एचसीएम रीपा से राजकुमार पालीवाल, महिला अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक भैरूप्रकाश नागर और हुकुम चंद जाजोरिया सहित कोटा से आए सहायक निदेशक रामराज मीणा ने विभागीय समन्वय पर जोर दिया।
कार्यशाला के दौरान चाइल्ड हेल्पलाइन के कार्मिकों द्वारा एक प्रभावी लघु नाटिका का मंचन किया गया, जिसके माध्यम से बाल विवाह के दुष्प्रभावों और कानूनी कार्रवाई की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का कुशल संचालन लोकेश वशिष्ठ एवं मांगीलाल शेखर द्वारा किया गया। कार्यशाला के समापन पर उपस्थित सभी प्रतिभागियों को बाल विवाह मुक्त भारत बनाने की शपथ दिलाई गई।
इस दौरान सांख्यिकी अधिकारी सत्यवान शर्मा, सरफराज आलम, गोविंद कुमार गौतम, दीपिका, परिता शर्मा, रामनारायण गुर्जर, रवि कुमार प्रजापति सहित अन्य विभागीय कार्मिक मौजूद रहें।


