मुकेश खटीक
मंगरोप।मंगरोप कस्बे के मुख्य मार्गों पर एक बार फिर अतिक्रमण और भारी वाहनों के कारण यातायात बाधित हो रहा है। सड़क किनारे बेतरतीब खड़े दुपहिया वाहन और अवैध कब्जे रोजाना जाम की स्थिति पैदा कर रहे हैं,जिससे आमजन,राहगीरों और दुकानदारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।लगभग दो वर्ष पहले, हमीरगढ़ रोड पर रावली फाटक से माता का मंड तक सड़क निर्माण के दौरान पंचायत प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए अतिक्रमण हटाए थे। उस समय आयुर्वेदिक अस्पताल के बाहर लगी अस्थायी सब्जी की थड़ियां और मुख्य बस स्टैंड के पास अस्पताल से सटे विभिन्न केबिनों को हटाया गया था। इस कार्रवाई को लोगों ने सराहा था।हालांकि,समय बीतने के साथ स्थिति फिर से पुरानी जैसी हो गई है।हटाए गए अतिक्रमण धीरे-धीरे वापस आ गए हैं।अब संकरे मार्गों पर ठेले, केबिन और अवैध पार्किंग के कारण जाम लगना आम बात हो गई है, जिससे यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।स्थानीय निवासियों का आरोप है कि पंचायत प्रशासन की कार्रवाई में निरंतरता का अभाव है।उनका कहना है कि जब भी अतिक्रमण की शिकायतें बढ़ती हैं, प्रशासन दिखावे के लिए कार्रवाई करता है, लेकिन चुनावी माहौल नजदीक आते ही अतिक्रमणकारियों को फिर से खुली छूट मिल जाती है।पुलिस प्रशासन भी सड़क किनारे वाहन खड़े करने वाले को कभी कभार चेतावनी देकर इतिश्री कर लेता है।जिससे गांव में यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही है।नागरिकों ने पंचायत प्रशासन से स्थायी और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि अतिक्रमण को पूरी तरह हटाया जाए, अवैध पार्किंग पर सख्ती बरती जाए और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाया जाए, ताकि कस्बे की सड़कों पर लगने वाले रोजाना के जाम से लोगों को राहत मिल सके।।
