बिजोलिया/भीलवाड़ा (स्मार्ट हलचल)। जिले की बिजोलिया तहसील के बृजपुरा (Brijpura) गांव में खनिज विभाग द्वारा चरागाह भूमि को खनन के लिए नीलाम करने के प्रस्ताव पर ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा है। मंगलवार (13 जनवरी 2026) को समस्त ग्रामवासियों ने एकजुट होकर उपखंड अधिकारी के मार्फत मुख्यमंत्री (Rajasthan CM) को ज्ञापन प्रेषित कर इस प्रक्रिया पर तुरंत रोक लगाने की मांग की है
इन खसरा नंबरों की नीलामी का विरोध
ग्रामीणों ने बताया कि खनिज विभाग ने गांव की खसरा संख्या 40, 41, 42, 44, 45, 46, 52, 53, 56, 57, 58, 59, 60, 61, 62, 86 व 87 को चिन्हित कर ऑनलाइन नीलामी (Auction) का प्लान बनाया है। रामीणों का आरोप है कि यह सब ग्रामवासियों की सहमति और सूचना के बिना किया जा रहा है
‘पंच देवरिया’ देवस्थान और गायों का अस्तित्व खतरे में
ज्ञापन में भावनात्मक अपील करते हुए कहा गया कि बृजपुरा एक कृषि प्रधान गांव है।
- जिस भूमि पर खनन पट्टे दिए जा रहे हैं, वहां वर्षों पुराना आस्था का केंद्र ‘पंच देवरिया’ (Panch Devariya) स्थित है
- यह भूमि गांव की गायों और मवेशियों के विचरण का मुख्य क्षेत्र है। खनन होने से मवेशियों का पेट भरना मुश्किल हो जाएगा
गहराएगा जल संकट, उजड़ेंगे वन
ग्रामीणों ने पर्यावरण के प्रति चिंता जताते हुए कहा कि क्षेत्र में गहरी खनन नीति (Deep Mining) लागू होने से किसानों के कुएं सूख जाएंगे और जलस्तर गिर जाएगा। इसके अलावा, पत्थर कटाई में प्रयुक्त केमिकल से भूजल दूषित होगा और वन क्षेत्र उजड़ने से वन्यजीवों का आश्रय समाप्त हो जाएगा
मांग: ग्रामीणों ने ‘धरती मां, गौ माता और धर्म की रक्षार्थ’ खनिज विभाग के इस प्लान को शोषणकारी बताते हुए इसे तुरंत प्रभाव से रुकवाने और विभाग पर आवश्यक कार्यवाही करने की मांग की है


