उनियारा।स्मार्ट हलचल|यहां शहर में नगरपालिका की कथित लापरवाही एवं अनदेखी के चलते कचरे से मुख्य नाला अवरुद्ध होने से गन्दे पानी की निकासी नही हो पाने से लोग सडांध से परेशान हैं।शहर में गन्दे पानी की निकासी के लिए ककोड़ गेट से बाहर भूमि विकास बैंक के पास से होते हुए सवाईमाधोपुर रोड़ के सहारे होता हुआ मुख्य नाला गलवा नदी में जाकर मिलता है।जिसमें शहर का गंदा पानी बहता है।लेकिन नगरपालिका प्रशासन की कथित लापरवाही एवं अनदेखी के कारण कचरे से बुरी तरह अटा हुआ है ।जिससे गन्दे पानी की निकासी रुक जाने अथवा अत्यंत धीमी गति से होने के कारण आधे शहर की नालियां सडांध मारते पानी से भरी रहती है।जिससे जहां आसपास रहने वाले लोगों के स्वास्थ्य पर असर पड़ रहा है।वहीं दुर्गंध के कारण सांस लेना भी दूभर हो रहा है ।जिससे नागरिकों में पालिका प्रशासन के प्रति भारी रोष व्याप्त है।देखने वाली बात यह है कि पालिका के निर्वाचित जनप्रतिनिधियों तथा प्रशासन को इसकी जानकारी होने के बावजूद नाले की सफाई के प्रति कोई ध्यान नहीं है।उल्लेखनीय होगा एक ओर केंद्र एवं राज्य सरकारों की पहली प्राथमिकता स्वच्छता है ।जिस पर प्रति वर्ष करोड़ों रुपए खर्च किए जा रहे हैं।इसके बावजूद शहर में जगह जगह कचरे के ढेर तथा नाले नाली कचरे से भरे देखे जा सकते हैं।इस ओर पालिका प्रशासन का कोई ध्यान नहीं है।नागरिकों ने उच्च प्रशासनिक अधिकारियों सहित उपखंड अधिकारी से शहर में पर्याप्त सफाई के लिए नगरपालिका प्रशासन को पाबंद किए जाने का आग्रह किया है।


