दिलीप जैन
स्मार्ट हलचल |चौमहला|चर्चित फर्जी अंकतालिका मामले में 9 साल बाद कोर्ट का फैसला आया है। ग्राम पंचायत रनायरा की पूर्व सरपंच गुड्डी बाई को न्यायालय ने दोषमुक्त कर दिया है।
2015 में चुनाव जीतने के बाद गुड्डी बाई पर श्रीमती सोनू पुत्री रामचंद्र विश्वकर्मा निवासी देवरिया कावल ने फर्जी तरीके से 8 वीं की अंकतालिका पेश करने का आरोप जरिए इस्तगासा 156(3) लगाया था।
गंगधार थाने में धारा 420, 467, 468, 471, 120 B भारतीय दंड संहिता के तहत मामला दर्ज हुआ था।
आरोप था कि तथ्यों को छुपाकर और फर्जी दस्तावेजों के आधार पर चुनाव लड़ा गया।
संपूर्ण ट्रायल होने के बाद चौमहला के अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने साक्ष्यों की कमी और संदेह का लाभ देते हुए पूर्व सरपंच और एक अन्य आरोपी को बरी कर दिया है।













