तिरुवनंतपुरम।स्मार्ट हलचल| केरल की 15वीं विधानसभा के 16वें सत्र की शुरुआत राज्यपाल श्री राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर के नीति भाषण के साथ हुई। विधानसभा में प्रस्तुत अपने संबोधन में राज्यपाल ने राज्य सरकार की प्राथमिकताओं, उपलब्धियों और आगामी योजनाओं का विस्तार से उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि केरल सरकार सामाजिक न्याय, समावेशी विकास और जनकल्याणकारी नीतियों के माध्यम से राज्य को प्रगति के पथ पर आगे बढ़ा रही है।
राज्यपाल आर्लेकर ने अपने भाषण में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार सृजन, बुनियादी ढांचे के विकास और डिजिटल गवर्नेंस जैसे प्रमुख विषयों पर सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के नेतृत्व में जनहितकारी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू कर रही है, जिससे आम जनता को सीधा लाभ मिल रहा है।
नीति भाषण में राज्यपाल ने यह भी कहा कि केरल आपदा प्रबंधन, स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण और सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में देश के अन्य राज्यों के लिए एक मॉडल बनकर उभरा है। उन्होंने विधानसभा सदस्यों से लोकतांत्रिक मूल्यों का पालन करते हुए रचनात्मक चर्चा के माध्यम से जनहित में निर्णय लेने का आह्वान किया।
सत्र की शुरुआत के अवसर पर मुख्यमंत्री पिनराई विजयन, मंत्रिमंडल के सदस्य, विधानसभा अध्यक्ष सहित सभी विधायक उपस्थित रहे। राज्यपाल के नीति भाषण के साथ ही विधानसभा सत्र की कार्यवाही औपचारिक रूप से प्रारंभ हुई, जिसमें आगामी दिनों में महत्वपूर्ण विधायी और नीतिगत विषयों पर चर्चा की जाएगी।













