केमिकलयुक्त पानी में उतरे अर्धनग्न ग्रामीण, 2 घंटे में ही युवाओं को एलर्जी; सरकना में श्री सीमेंट और प्रशासन के खिलाफ फूटा गुस्सा

अनिल कुमार

ब्यावर।स्मार्ट हलचल|क्षेत्र के ग्राम सरकना में जल, जमीन और पर्यावरण की सुरक्षा को लेकर जारी “सरकना बचाओ आंदोलन” ने गुरुवार को उग्र और अनोखा रूप ले लिया। सरकना संघर्ष समिति के तत्वावधान में युवाओं और ग्रामीणों ने अपनी मांगों की अनदेखी से नाराज होकर केमिकलयुक्त पानी में उतरकर अर्धनग्न अवस्था में प्रदर्शन किया और प्रशासन व श्री सीमेंट प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र के जलस्रोत गंभीर रूप से प्रदूषित हो चुके हैं। इस अनोखे प्रदर्शन के महज दो घंटे के भीतर ही पानी में उतरे कई युवाओं की त्वचा में जलन, खुजली और एलर्जी की शिकायतें सामने आईं। इस घटना के बाद से पूरे गांव में पेयजल की गुणवत्ता और स्वास्थ्य को लेकर भय व चिंता का माहौल है।
प्रशासनिक जांच और श्री सीमेंट से वार्ता की मांग
संघर्ष समिति के प्रतिनिधियों ने कहा कि क्षेत्र के लोगों का स्वास्थ्य, खेती और भविष्य दांव पर लगा हुआ है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल मौके पर पहुंचकर पानी की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। साथ ही श्री सीमेंट प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन को एक मेज पर बैठकर ग्रामीणों की समस्याओं का स्थायी समाधान निकालने की अपील की है।

“टकराव नहीं, समाधान चाहते हैं”
संघर्ष समिति ने अपना रुख स्पष्ट करते हुए कहा, “हम प्रशासन या प्रबंधन से किसी तरह का टकराव नहीं चाहते, बल्कि शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी जायज समस्याओं का समाधान चाहते हैं।” ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने जल्द ही उनकी सुध नहीं ली, तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा और ग्रामीण अपने परिवारों के साथ 24 घंटे का अनवरत धरना शुरू करेंगे।