उपखंड अधिकारी ने जांच में किया खुलासा, विद्यालय में खड़े हरे पेड़ों को नियम विरुद्ध जड़ से काटा गया
हरियाली के भक्षक बनने वालों के विरुद्ध अभी तक नहीं हुई कोई कार्रवाई
गंगापुर – पोटला राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में 30 हरे पेड़ों के कत्लेआम के मामले को प्रशासन ने माना नियम विरुद्ध। नियमों को ताक पर रखकर पोटला स्कूल में हरियाली का ‘कत्लेआम’, बिना अनुमति काट डाले 30 साल पुराने 30 पेड़ की खबर पर उपखंड अधिकारी में जांच में किया खुलासा, विद्यालय में खड़े हरे पेड़ों को टेनेंसी एक्ट के तहत नियम विरुद्ध जड़ से काटा गया। फॉरेस्ट विभाग, तहसील कार्यालय, उपखंड प्रशासन से नहीं ली गई हरे पेड़ों काटने की स्वीकृति, ना ही पेड़ काटने के मामले में विद्यालय परिवार द्वारा प्रशासन को सूचना दी गई। उपखंड अधिकारी राजेश बिश्नोई ने जांच रिपोर्ट जिला कलेक्टर भीलवाड़ा को भेजी।
नियम विरुद्ध बिना स्वीकृति के विद्यालय से काटे गए हरे पेड़
गंगापुर उपखंड अधिकारी राजेश बिश्नोई ने बताया कि पोटला राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर के अंदर वर्षों पुराने खड़े हुए हैं नीम, पीपल सहित अन्य हरे पेड़ों को काटने के मामले में तत्काल कमेटी का गठन किया गया। गंगापुर तहसीलदार वीरेन्द्र सिंह,नायब तहसीलदार रतनलाल भील, गिरदावर व पटवारी को मौके पर भेजा गया। मौके पर भेजी गई टीम के द्वारा रिपोर्ट पेश की गई। रिपोर्ट में उपखंड अधिकारी ने खुलासा किया कि विद्यालय प्रधानाध्यापक ने विद्यालय परिसर में खड़े हुए वर्षों पुराने हरे पेड़ों को काटने के लिए किसी भी विभाग से कोई स्वीकृति नहीं ली। विद्यालय में खड़े हुए हरे पेड़ों को टेनेंसी एक्ट के तहत नियम विरुद्ध काटा गया। विद्यालय परिसर में खड़े हुए हरे पेड़ों को काटने के मामले को प्रशासन ने गंभीर माना। हरे पेड़ काटने के मामले में प्रधानाचार्य ने बताया कि एसडीएमसी की कमेटी में प्रस्ताव लिया गया। लेकिन प्रस्ताव को उच्च अधिकारियों तक नहीं भेजा गया।
तीन बड़े हरे नीम के पेड़ सहित एक दर्जन पेड़ काटने की जांच रिपोर्ट हुई पेश
उपखंड अधिकारी राजेश बिश्नोई ने बताया कि सहाड़ा तहसीलदार सहित टीम द्वारा पेश की गई रिपोर्ट में पोटला विद्यालय परिसर में खड़े हुए वर्षों पुराने तीन नीम के बड़े हरे पेड़, सहित 12 पेड़ों को जड़ से काट दिया गया। पेड़ों को काटने के मामले में विद्यालय प्रशासन ने नियमों की पालना नहीं की।
हरियाली के भक्षक बनने वालों के विरुद्ध अभी तक नहीं हुई कोई कार्रवाई
वहीं क्षेत्रवासियों व पर्यावरण प्रेमियों में विद्यालय परिसर में खड़े हुए लगभग 30 नीम, पीपल व अन्य हरे पेड़ो को जड़ से कटने के मामले में दोषीयों के विरुद्ध अब तक प्रशासन द्वारा कोई कार्रवाई नहीं करने पर आक्रोश का माहौल बना हुआ है।
दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग को लेकर उपखंड अधिकारी को दिया था ज्ञापन
नियमों को ताक पर रखकर पोटला स्कूल में हरियाली का ‘कत्लेआम’, बिना अनुमति काट डाले 30 साल पुराने पेड़ के मामले में दोषीयों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग को लेकर गंगापुर उपखंड अधिकारी राजेश बिश्नोई को वन प्रेमियों व ग्रामीणों द्वारा दिनांक 12 जनवरी को ज्ञापन दिया गया था।
अब जिला कलेक्टर भीलवाड़ा से कार्रवाई की आस
पोटला विद्यालय में नियमों के विरुद्ध हरियाली का कत्लेआम करने वालों के मामले में प्रशासन द्वारा जांच रिपोर्ट जिला कलेक्टर भीलवाड़ा को प्रेषित की गई। अग्रिम कार्रवाई के लिए मार्गदर्शन मांगा गया। अब क्षेत्रवासियों व वन प्रेमियों व ग्रामीणों की आस भीलवाड़ा जिला कलेक्टर पर टिकी हुई है। क्षेत्रवासी चाहते हैं कि मामले में नजीर ऐसी हो कि कोई हरियाली का “भक्षक’ बनने की हिम्मत न कर सके।













