जाट सामूहिक विवाह को लेकर धानेश्वर में बैठक संपन्न सामाजिक कुरीतियों पर अंकुश लगाने का लिया निर्णय

बनेड़ा । राजस्थान मेवाड़ जाट महासभा, भीलवाड़ा के तत्वावधान में आगामी 20 नवंबर 2026 को प्रस्तावित चतुर्थ जाट सामूहिक विवाह सम्मेलन की तैयारियों को लेकर धानेश्वर (फूलिया कलाँ) में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। देवकरण घटाला की अध्यक्षता में संपन्न हुई इस बैठक में समाज सुधार और आयोजन की रूपरेखा पर विस्तृत चर्चा की गई । बैठक में सर्वसम्मति से संगठन विस्तार करते हुए रामधन थरोदा को ब्लॉक अध्यक्ष (शाहपुरा) एवं शिवराज वीरबाडिया को ब्लॉक अध्यक्ष (शाहपुरा) मनोनीत किया गया। आयोजन स्थल के चयन को लेकर यह निर्णय लिया गया कि जिस क्षेत्र से सर्वाधिक जोड़ों का पंजीकरण होगा, सामूहिक विवाह का भव्य आयोजन उसी क्षेत्र में किया जाएगा। महासभा के महामंत्री शोभाराम ने बैठक का संचालन करते हुए समाज में बढ़ते दिखावे और फिजूलखर्ची पर चिंता व्यक्त की। बैठक में समाज हित में निम्नलिखित कड़े निर्णय लिए गए जिसमें – (1) शादी से पहले पहनाए जाने वाले जेवरातों की अधिकतम सीमा 5 लाख रुपये निर्धारित की गई, (2) सामाजिक कार्यक्रमों में प्रचलित ’कपड़ा प्रथा’ को बंद कर उसके स्थान पर नकद लिफाफा देने की नई व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया गया, (3) ज्योतिषाचार्य अंबालाल डकावा सहित अन्य वक्ताओं ने विवाह योग्य जोड़ों को सामूहिक सम्मेलन में ही विवाह करने हेतु प्रेरित किया । कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेशाध्यक्ष शंकर लाल कुड़ी एवं विशिष्ट अतिथि जिलाध्यक्ष देवबक्ष ढाबरढीमा रहे। इस दौरान सूरज करण ज्याणी, जे.पी. मालोदिया, ओम प्रकाश घटाला (शारीरिक शिक्षक), अंबालाल जाजूदाँ, भागचंद चाडा, जगदीश बारवाड़िया, बंटी चाड़ा, राजाराम गूगड, सूरत राम बराला, मनीराम चाडा, द्वारका प्रसाद और मुकेश कुमार भीचर ने भी अपने विचार रखे। सभी वक्ताओं ने सामाजिक एकता, समरसता और एकजुटता पर विशेष जोर दिया।