मरणोपरांत कृष्णा देवी दे गई दो जिंदगियों को रोशनी, कोठारी परिवार ने पेश की मानवता की मिसाल

(पंकज पोरवाल)

भीलवाड़ा ।स्मार्ट हलचल।अपनों के बिछड़ने का गम गहरा था, लेकिन इसी दुख की घड़ी में कोठारी परिवार ने ऐसा निर्णय लिया, जो दो दृष्टिहीन लोगों के जीवन में रोशनी भर देगा। भारत विकास परिषद नेताजी सुभाष शाखा की प्रेरणा से कृष्णा देवी पत्नी प्रहलाद राय कोठारी के निधन के बाद परिजनों ने मरणोपरांत नेत्रदान कराया। इस फैसले से उनकी आंखें अब किसी जरूरतमंद की दुनिया रोशन करने का माध्यम बनेंगी। किसी अपने के जाने का दुख शब्दों में बयां करना मुश्किल होता है, लेकिन कोठारी परिवार ने इस पीड़ा को मानवता की मिसाल में बदल दिया। रामस्नेही चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र के आई टेक्निशियन चेतन प्रकाश के सहयोग से नेत्रदान की प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न हुई। शाखा की ओर से कराया गया यह चौथा नेत्रदान है। इस पुनीत कार्य में शाखा सदस्य कैलाश कोठारी और गोपाल नारानीवाल का विशेष सहयोग रहा। शाखाध्यक्ष पंकज लोहिया, रामेश्वर सोमानी सहित कोठारी परिवार के सदस्य और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। संस्था कार्यकर्ताओं ने दिवंगत आत्मा की शांति तथा शोक संतप्त परिवार को यह दुख सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की। भारत विकास परिषद ने इस मानवीय पहल के लिए कोठारी परिवार का आभार व्यक्त करते हुए साधुवाद दिया। शाखा की ओर से समाज में नेत्रदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।