🔥 खबर का असर (Impact News)
खबर का असर: लाडपुरा में यूरिया खाद की कालाबाजारी पर सख्ती, 400 की जगह 270 में मिला कट्टा, किसानों को मिली राहत
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📍 मांडलगढ़, भीलवाड़ा
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📅 06 जनवरी, 2026
मांडलगढ़ (भीलवाड़ा)। लाडपुरा ग्राम सेवा सहकारी समिति (GSS) में यूरिया खाद की कालाबाजारी और जबरन टैगिंग को लेकर ‘स्मार्ट हलचल’ द्वारा प्रमुखता से खबर प्रकाशित करने के बाद प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। खबर का ऐसा असर हुआ कि समिति में खाद के साथ अन्य कृषि उत्पादों को जबरन बेचने पर तुरंत रोक लगा दी गई, जिससे क्षेत्र के हजारों किसानों को बड़ी आर्थिक राहत मिली है।
₹400 के बजाय ₹267 में मिला खाद का कट्टा, ‘टैगिंग’ का खेल खत्म
किसानों ने बताया कि पहले उन्हें यूरिया के ₹266.50 के कट्टे के साथ ₹134 मूल्य का ‘माइक्रो राजा’ नामक उत्पाद जबरन खरीदने को मजबूर किया जा रहा था, जिससे एक कट्टे की कीमत ₹400 तक पहुँच रही थी। स्मार्ट हलचल में मामला उजागर होने और प्रशासन की सख्ती के बाद, मंगलवार को किसानों को बिना किसी अतिरिक्त टैगिंग के केवल निर्धारित मूल्य ₹270 के आसपास यूरिया उपलब्ध कराया गया।
कृषि पर्यवेक्षक की निगरानी में बांटे गए 300 बैग
खाद की सूचना मिलते ही मंगलवार सुबह से ही लाडपुरा समिति के बाहर महिलाओं और किसानों की लंबी कतारें लग गई थीं। वितरण प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए कृषि पर्यवेक्षक रामेश्वर गुर्जर की विशेष ड्यूटी लगाई गई। उनकी निगरानी में करीब 300 बैग यूरिया का वितरण किया गया। समिति ने जन आधार कार्ड के माध्यम से वितरण सुनिश्चित किया।
“पहली बार बिना किसी दबाव और बिना लाइन के सही दाम पर यूरिया मिला है। ‘स्मार्ट हलचल’ की खबर ने प्रशासन को जगा दिया, जिससे हम किसानों के पैसे बच गए।”
— राहत प्राप्त किसान, लाडपुरा
हालांकि, वितरण प्रणाली को लेकर कुछ असंतोष भी दिखा। लाडपुरा निवासी हनुमान गुर्जर ने बताया कि समिति ने केवल जन आधार से वितरण किया और पुराने खाताधारक सदस्य किसानों की अनदेखी की, जिससे कुछ किसानों में नाराजगी भी देखी गई।
🔗 इस खबर से जुड़ी पिछली रिपोर्ट (प्रमाण लिंक):
https://smarthalchal.com/ladpura-gss/ – लाडपुरा खाद कालाबाजारी मुद्दा
स्मार्ट हलचल: निष्पक्षता के साथ जन सरोकार
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