अनिल कुमार
ब्यावर। स्मार्ट हलचल।राजस्थान सरकार के महत्वाकांक्षी अभियान ‘शुद्ध आहार मिलावट पर वार’ के तहत ब्यावर जिले में मिलावटखोरों और दूषित खाद्य पदार्थ बेचने वालों के खिलाफ बड़े स्तर पर सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। जिला कलेक्टर कमल राम मीणा और खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण जयपुर के आयुक्त के विशेष निर्देशन में खाद्य सुरक्षा दल ने शहर की प्रमुख फल व सब्जी मंडियों में औचक निरीक्षण किया। इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया।
2 क्विंटल (2000 किलो) सड़ा-गला स्टॉक कराया नष्ट
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. संजय गहलोत के मार्गदर्शन में टीम ने गजानन्द केला सप्लायर्स, बालाजी फ्रूट कंपनी, एन.के. फ्रूट कंपनी और लक्की सब्जी मण्डी प्राइवेट लिमिटेड पर औचक छापा मारा। टीम ने मौके से केला, आम, सेब, टमाटर, बैंगन, लहसुन और पपीते के सैंपल लिए।
कार्रवाई के दौरान ‘लक्की सब्जी मण्डी’ में भारी अनियमितताएं और गंदगी पाई गई, जिसकी शिकायतें पिछले कई दिनों से आमजन द्वारा मिल रही थीं। यहाँ बेचने के लिए रखे गए लगभग 2000 किलो सड़े-गले और बदबूदार फल-सब्जियों को खाद्य सुरक्षा दल ने मौके पर ही नष्ट करवा दिया। साथ ही मण्डी संचालकों को सख्त चेतावनी देते हुए भविष्य में ऐसी लापरवाही न करने के लिए पाबंद किया।
कैल्शियम कार्बाइड और प्रतिबंधित स्प्रे पर पूर्ण रोक
खाद्य सुरक्षा अधिकारी नारायण सिंह ने बताया कि सभी फल व सब्जी विक्रेताओं को केवल सुरक्षित और सरकार द्वारा अनुमोदित विधियों का ही इस्तेमाल करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रतिबंधित रसायनों जैसे कैल्शियम कार्बाइड और एथलीन स्प्रे से फल पकाने और बेचने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि FSSAI के नियमों के तहत केवल एथिलीन गैस या निर्धारित मानकों वाले ‘एथेफोन सैशे’ का ही उपयोग किया जा सकता है, जिससे फल प्राकृतिक रूप से पकते हैं और सेहत को नुकसान नहीं होता।
अजमेर लैब भेजी रिपोर्ट, आगे भी जारी रहेगी कड़ाई
विभाग ने बताया कि आज लिए गए सभी नमूनों को जांच के लिए अजमेर स्थित लैब में भिजवा दिया गया है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे। गर्मी के मौसम को देखते हुए आने वाले दिनों में यह अभियान और तेज होगा। अगले चरण में आइसक्रीम, कोल्ड ड्रिंक्स, शर्बत और तरबूज जैसे मौसमी फलों की सघन जांच की जाएगी।
CMHO की अपील: चमकीले और दाग-धब्बे वाले फलों से बचें
CMHO डॉ. संजय गहलोत ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि खरीदारी करते समय सतर्क रहें। अत्यधिक चमकीले, असामान्य रंग वाले या काले धब्बे वाले फल केमिकल से पके हो सकते हैं, इसलिए इनके सेवन से बचें। बाजार से लाए गए फल-सब्जियों को खाने से पहले साफ पानी से अच्छी तरह जरूर धो लें। प्राकृतिक रूप से पके फल ही स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद हैं।
