पुनित चपलोत
भीलवाड़ा । भीलवाड़ा में शंकर सिंह हत्याकांड मामले में समाज के लोगों में आक्रोश फैल गया। जिसके बाद गुरुवार को रावणा राजपूत समाज के लोगों ने भीलवाड़ा जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। इससे पहले उन्होंने मोर्चरी से जिला कलेक्ट्रेट तक एक आक्रोश विरोध रैली भी निकाली। इस दौरान उन्होंने जिला कलेक्टर को ज्ञापन दिया और इस प्रकरण में निष्पक्ष जांच करते हुए दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और मृतक के परिवार की स्थिति को देखते हुए आर्थिक सहायता और नौकरी दिलवाने की मांग की हैं वहीं उन्होंने आरोप भी लगाया कि होटल संचालक द्वारा चोरी का इल्जाम लगाकर मृतक के साथ मारपीट की गई जिसके वजह से उसकी मृत्यु हो गई।
परिजन दिनेश कुमार राणावत ने हम कल से जिला अस्पताल स्थित मोर्चरी पर धरने पर बैठे हुए हैं लेकिन हमें अभी तक कोई न्याय नहीं मिला है। जिसके वजह से आज हमें मजबूरन यह कदम उठाना पड़ा है। आज आक्रोश स्वरूप मोर्चरी से पैदल चलकर हम समाज के लोग कलेक्ट्रेट पर आए हैं। हमने जिला कलेक्टर को ज्ञापन देकर यही मांग की है कि मृतक के परिवार की स्थिति को देखते हुए मृतक के परिवार के किसी एक व्यक्ति को नौकरी दी जाए और उन्हें परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध करवाई जाए। इसके अलावा जो भी इस मामले में दोषी है उन्हें गिरफ्तार करके उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
समाजजनों ने बताया कि शंकर सिंह गंगरार के पास एक होटल पर खाना खाने के लिए गया था। इस दौरान किसी बात को लेकर होटल वालों ने उसके साथ मारपीट की और रात भर उसके साथ मारपीट करते रहे और बाद में हमें फोन करके बुलाया और हमसे पैसे की डिमांड की और इसके बदले में शंकर सिंह को ले जाने की बात की हैं। जैसे तैसे उसे अस्पताल लेकर गए तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। होटल में पहले भी इस तरह की घटना हुई है जिसमें यह चोरी का इल्जाम लगाकर उनके साथ मारपीट करते हैं और बाद में पैसे की डिमांड करते हैं। हम चाहते हैं कि इस पूरे मामले में निष्पक्ष जांच की जाए।


