महिला कांग्रेस का आह्वान: महिलाओं के अधिकारों पर कोई समझौता नहीं

नई दिल्ली/जयपुर। स्मार्ट हलचल|महिला कांग्रेस ने महिलाओं के अधिकार, सुरक्षा और सम्मान के मुद्दों पर स्पष्ट और सख्त रुख अपनाते हुए कहा है कि इन विषयों पर किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। संगठन ने जोर देकर कहा कि देश की आधी आबादी को निर्णय प्रक्रिया से दूर रखकर सशक्त लोकतंत्र की कल्पना अधूरी है।महिला कांग्रेस का कहना है कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा महिलाओं के सशक्तिकरण को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल किया है। राजनीतिक प्रतिनिधित्व से लेकर आर्थिक आत्मनिर्भरता और सामाजिक सुरक्षा तक, हर स्तर पर महिलाओं को आगे बढ़ाने के प्रयास किए गए हैं।

संगठन ने यह भी स्पष्ट किया कि महिलाओं को केवल योजनाओं का लाभार्थी मानने के बजाय उन्हें नीति-निर्माण की मुख्यधारा में शामिल किया जाना आवश्यक है। महिला कांग्रेस के अनुसार, आज भी समाज में कई ऐसी सामाजिक और संरचनात्मक चुनौतियां मौजूद हैं, जो महिलाओं की प्रगति में बाधा बनती हैं।

महिला कांग्रेस ने कहा कि वह इन सभी चुनौतियों के खिलाफ मजबूती से खड़ी है और महिलाओं को न्याय, समान अवसर और सम्मान दिलाने के लिए निरंतर संघर्ष करती रहेगी।

संगठन ने दोहराया कि महिलाओं की आवाज को दबने नहीं दिया जाएगा और हर मंच पर उनके अधिकारों की रक्षा के लिए सक्रिय भूमिका निभाई जाएगी।