ओम जैन
शंभूपुरा।स्मार्ट हलचल| विश्व प्रसिद्ध चित्तौड़गढ़ दुर्ग पर ट्रैफिक की हालत दिन ब दिन बत्तर होती जा रही है, आये दिन जाम आम हो गया है, इससे ना सिर्फ स्थानीय लोग बल्कि देश विदेश से आने वाले पर्यटकों को भी खासी परेशानी झेलनी पड़ रही है, बढ़ते पर्यटकों की सँख्या के चलते ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह फैल नजर आ रही है जो कि आये दिन अखबारों की सुर्खियां बनी हुई है बावजूद इसके जिम्मेदारों का इस ओर ध्यान नही जा रहा या ध्यान देना नही चाहते लेकिन कुछ भी कहो हमारे यहाँ से इस स्थिति के चलते देश मे ही नही अपितु विदेशों तक मैसेज गलत ही जा रहा है, कहने को प्रदेश और देश में भाजपा सरकार है, डबल इंजन का ढिंढोरा पीटने वाले जनप्रतिनिधि भी इसकी सुध नही ले पा रहे है ना ही प्रसासन इसका कोई विकल्प ढूंढ रहा है जिससे यह परेशानी अब विकराल रूप ले चुकी है।
हालात की गम्भीरता को देखते हुए हमने पूर्व राज्यमंत्री ओर चित्तौड़गढ़ से विधायक रहे कोंग्रेस से वरिष्ठ नेता सुरेंद्रसिंह जाड़ावत से बात कि, इस विशेष बातचीत में उन्होंने बताया कि सन 2012-13 में जब वो विधायक थे तब इस ऐतिहासिक दुर्ग को हमने वर्ल्ड हेरिटेज में शामिल करवाया, उसके बाद यहाँ पर्यटको की आवक तो लगातार बढ़ी है लेकिन नई सरकार आने के बाद से ही ना इस ओर स्थानीय सांसद ने कभी ध्यान दिया ना विधायक ने, जबकि अगर सूरजपोल वाला पीछे का रास्ता चालू कर दे तो इस समस्या का समाधान हो सकता है लेकिन ये सिर्फ वोटो के टाइम डबल इंजन की सरकार दिखती फिर गायब जो जाती है।
उन्होंने कहा हमारे ऐतिहासिक दुर्ग की यह दुर्दशा बहुत दुखद है विदेशों तक हमारे यहाँ का गलत संदेश जा रहा विदेशी पर्यटक भी यहाँ काफी आते है लेकिन पुनः उदास ओर परेशान होकर जाते है जो सही नही है, यह सब स्थानीय सांसद ओर विधायक की उदासीनता का नतीजा है कि विकास तो दूर यह इतनी गम्भीर समस्या पर विचार तक नही कर रहे है जो बेहद निंदनीय है।
कोन समझेगा जिम्मेदारी
अब तो इस गम्भीर समस्या की चर्चा पूरे शहर में होने लगी है कि ना इस ओर प्रसासन ध्यान देता है ना जनप्रतिनिधि तो इस जिम्मेदारी को कौन समझेगा ओर कौन इस समस्या से निजाज दिलाएगा।













