अजय सिंह (चिंटू)
जयपुर – स्मार्ट हलचल|मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रस्तुत राजस्थान बजट 2026 को “विकसित राजस्थान 2047” के विज़न का रोडमैप बताया जा रहा है। शिक्षा, युवा, किसान, महिला, सैनिक, श्रमिक, पर्यटन और आधारभूत ढांचे सहित हर क्षेत्र को सशक्त बनाने पर विशेष जोर दिया गया है। सरकार का दावा है कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि प्रदेश को डिजिटल और आत्मनिर्भर बनाने की ठोस कार्ययोजना है।
बजट में मेधावी छात्रों के लिए प्रोत्साहन योजनाएं, युवाओं के लिए स्वरोजगार और स्टार्टअप समर्थन, महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण, किसानों के लिए सिंचाई एवं जल परियोजनाओं के विस्तार तथा सड़क व आधारभूत ढांचे के विकास से जुड़े महत्वपूर्ण प्रावधान शामिल किए गए हैं। साथ ही डिजिटल सेवाओं के विस्तार और प्रशासनिक पारदर्शिता पर भी विशेष बल दिया गया है।
इस बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए एडवोकेट जितेन्द्र कुमावत (कॉर्पोरेट, टैक्स एंड लीगल कंसल्टेंट्स), पूर्व जिलामंत्री भाजपा जयपुर दक्षिण एवं प्रदेश महासचिव – नरेन्द्र मोदी विचार मंच राजस्थान ने कहा कि यह बजट विकसित राजस्थान की मजबूत नींव रखेगा। उन्होंने कहा कि विकास विपक्ष के “जादू” से नहीं, बल्कि ठोस नीति, पारदर्शिता और प्रभावी क्रियान्वयन से संभव है।
एडवोकेट कुमावत ने बजट को युवा, किसान और महिला केंद्रित बताते हुए कहा कि इससे प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी और राजस्थान आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ेगा।
