मांडल । सुरेश चन्द्र मेघवंशी
भादू गांव स्थित राजकीय बालिका विद्यालय परिसर इन दिनों असामाजिक तत्वों का अड्डा बनता जा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि स्कूल परिसर में शराबी खुलेआम शराब पीते हैं और ताश के पत्तों पर जुआ खेलते हैं, जिससे यहां पढ़ने वाली छात्राओं की सुरक्षा पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो गया है। ग्रामीणों के अनुसार विद्यालय समय के बाद ही नहीं, बल्कि कई बार दिन में भी कुछ लोग स्कूल परिसर में घुसकर नशाखोरी करते हैं। इससे छात्राओं में भय का माहौल बना हुआ है। अभिभावकों ने चिंता जताते हुए कहा कि बालिका विद्यालय जैसे संवेदनशील स्थान पर इस प्रकार की गतिविधियां अत्यंत गंभीर मामला है।
प्रशासनिक लापरवाही के आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि इस संबंध में संबंधित अधिकारियों को कई बार अवगत करवाया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने से शराबियों के हौसले बुलंद हैं।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि गांव के मंदिर परिसर, तालाब क्षेत्र और अस्पताल के आसपास भी कुछ लोग शराब पीकर उत्पात मचाते हैं। ऐसे तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है।
ग्रामीणों की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि—
विद्यालय परिसर में नियमित पुलिस गश्त की व्यवस्था की जाए।
असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई हो।
स्कूल परिसर की चारदीवारी और मुख्य द्वार की सुरक्षा मजबूत की जाए।
मंदिर, तालाब और अस्पताल के आसपास नशाखोरी पर तत्काल रोक लगाई जाए।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे सामूहिक रूप से आंदोलन करने को बाध्य होंगे। अब देखना यह है कि प्रशासन इस गंभीर मामले को कितनी तत्परता से संज्ञान में लेकर कार्रवाई करता है।
