श्री मैथिल ब्राह्मण महासभा भारत की भीलवाड़ा जिला इकाई द्वारा होली स्नेह मिलन एवं शपथ ग्रहण समारोह आयोजित

समाज में एकता, महिला सम्मान और युवा भागीदारी पर दिया गया जोर

पुनित चपलोत

भीलवाड़ा। श्री मैथिल ब्राह्मण महासभा भारत की भीलवाड़ा जिला इकाई द्वारा होली स्नेह मिलन एवं शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन शहर के एक स्थानीय रिसॉर्ट में उत्साह और सौहार्दपूर्ण वातावरण में किया गया। कार्यक्रम में समाज के अनेक पदाधिकारी एवं गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम में जयपुर से पधारे महासभा के राष्ट्रीय संयोजक बी.एस. झा मुख्य अतिथि तथा प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चंद्र झा विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। अतिथियों का माल्यार्पण कर एवं दुपट्टा ओढ़ाकर पारंपरिक रूप से स्वागत किया गया।
मुख्य अतिथि बी.एस. झा ने अपने संबोधन में समाज के सभी वर्गों से एकजुट होकर संगठन को मजबूत बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि समाज की उन्नति और सशक्तिकरण के लिए सभी को मिलकर कार्य करना होगा। वहीं विशिष्ट अतिथि सुभाष चंद्र झा ने समाज की वर्तमान स्थिति पर विचार रखते हुए कहा कि आपसी मतभेदों को भुलाकर एकता के साथ आगे बढ़ना समय की आवश्यकता है। उन्होंने महिला दिवस के अवसर पर महिलाओं के सम्मान तथा युवा शक्ति को समाज की गतिविधियों से जोड़ने पर भी जोर दिया, ताकि नई पीढ़ी अपनी परंपराओं और संस्कारों से परिचित हो सके।
कार्यक्रम का संचालन भीलवाड़ा जिले के संरक्षक डॉ. चेतन कुमार शर्मा एवं श्रीमती वंदना जी ने किया, जबकि श्रीमती भूमिका जी ने सभी अतिथियों एवं पदाधिकारियों का स्वागत कर उनका परिचय कराया। इस अवसर पर कोषाध्यक्ष रमेश जी ने संगठन की वित्तीय स्थिति की समीक्षा प्रस्तुत की। कार्यक्रम में उपस्थित श्रीमती आशा दुबे, उषा शर्मा, भारती मिश्रा, रेनू शर्मा और पुष्पेंद्र शर्मा सहित अन्य समाज बंधुओं ने अपने-अपने क्षेत्रों में संपर्क कर सदस्यता अभियान को बढ़ाने का संकल्प लिया।
वहीं विनोद मिश्रा, मनोज शर्मा, आशीष शर्मा, रविंद्र झा, डमलेश शर्मा सहित सभी उपस्थित समाजजनों ने संगठन को मजबूत बनाने और सदस्यता अभियान में पूर्ण सहयोग देने का विश्वास दिलाया। समारोह के दौरान अतिथियों द्वारा उपस्थित पदाधिकारियों को नियुक्ति पत्र प्रदान कर महासभा के नियमों का पालन करने, अनुशासित रहकर संगठन को मजबूत बनाने की शपथ दिलाई गई। अंत में योगेश शर्मा ने सभी अतिथियों और समाज बंधुओं का आभार व्यक्त किया। सहभोज के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।