52 करोड़ में बदलेगा मऊ जंक्शन का भाग्य! हाईटेक सुविधाओं से लैस ‘स्मार्ट स्टेशन’ बनेगा,

वाराणसी।स्मार्ट हलचल|पूर्वोत्तर रेलवे के वाराणसी मंडल के औंड़िहार- भटनी रेल खंड पर स्थित मऊ जंक्शन अब अपनी पुरानी पहचान छोड़कर एक आधुनिक और आकर्षक स्वरूप में नजर आने वाला है। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत 52.65 करोड़ रुपये की लागत से इस महत्वपूर्ण स्टेशन का तेजी से कायाकल्प किया जा रहा है, जिससे यह पूर्वी उत्तर प्रदेश के प्रमुख स्टेशनों में और अधिक विकसित बन सके।
मऊ जंक्शन पहले से ही देश के बड़े शहरों—नई दिल्ली, मुंबई, सूरत, अहमदाबाद, कोलकाता, पुणे, लखनऊ, कानपुर, प्रयागराज, जयपुर, रांची और अमृतसर—से सीधी रेल सेवाओं के माध्यम से जुड़ा हुआ है। यहां से प्रतिदिन 44 मेल, एक्सप्रेस और सवारी गाड़ियों का संचालन होता है, जिससे यात्रियों की लगातार बढ़ती भीड़ इस स्टेशन की अहमियत को दर्शाती है।
यात्रियों की सुविधा और आने वाले 50 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए स्टेशन का पुनर्विकास कार्य तेजी से किया जा रहा है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य स्टेशनों को आधुनिक सुविधाओं से युक्त बनाकर उन्हें पूरी तरह यात्री अनुकूल तैयार करना है, ताकि भविष्य की चुनौतियों से आसानी से निपटा जा सके।
पुनर्विकास के अंतर्गत स्टेशन भवन को आकर्षक रूप दिया जा रहा है। फसाड और आधुनिक लाइटिंग से इसकी सुंदरता बढ़ाई गई है। यात्रियों के लिए बेहतर प्रवेश और निकास द्वार, आरामदायक प्रतीक्षालय और आधुनिक प्रसाधनों की व्यवस्था की जा रही है।
स्टेशन परिसर में पहुंच मार्ग को सुगम बनाया गया है और सर्कुलेटिंग एरिया में बड़े पैमाने पर विकास कार्य पूरे किए जा चुके हैं। लगभग 600 मीटर ड्रेनेज, 1,250 मीटर बाउंड्री वॉल, 15,000 वर्ग मीटर सड़क, 2,000 वर्ग मीटर पार्किंग और 3,000 वर्ग मीटर पाथ-वे का निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया है।
प्लेटफॉर्म को ऊंचा और विस्तारित किया जा रहा है तथा 5,500 वर्ग मीटर क्षेत्र में ग्रेनाइट लगाने का कार्य प्रगति पर है। यात्रियों को धूप और बारिश से बचाने के लिए 32-वे पी.पी. शेल्टर लगाए जा रहे हैं।
इसके साथ ही यात्रियों के आसान आवागमन के लिए 12 मीटर चौड़ा फुट ओवर ब्रिज बनाया जा रहा है, जिसमें 2 लिफ्ट और 4 एस्केलेटर की सुविधा भी होगी। आधुनिक साइनेज, स्वच्छता के उच्च मानक और दिव्यांगजनों के लिए विशेष सुविधाएं भी इस स्टेशन को नई पहचान देंगी।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, सभी कार्य पूरे होने के बाद मऊ जंक्शन न केवल देखने में भव्य होगा, बल्कि यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाओं का अनुभव भी देगा। मऊ-शाहगंज, इंदारा-फेफना और भटनी-औंड़िहार रेल खंडों के दोहरीकरण के बाद यहां ट्रेनों की संख्या में वृद्धि होगी, जिससे बढ़ते फुटफॉल को आसानी से संभाला जा सकेगा।
इस पुनर्विकास से न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि मऊ शहर के आर्थिक विकास को भी नई गति मिलेगी। स्टेशन परिसर में प्रवेश करते ही यात्रियों को एक सुखद और आधुनिक वातावरण का एहसास होगा।
जनसंपर्क अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि यह परियोजना जन आकांक्षाओं के अनुरूप स्टेशन को एक नई पहचान देगी और भविष्य के लिए इसे पूरी तरह तैयार करेगी।