नेताओं और अधिकारियों की आंखों का पानी मरने से जलभराव की चपेट में कानपुर

सुनील बाजपेई
स्मार्ट हलचल|लगातार भीषण बारिश ने कानपुर के हाल बहुत बुरे कर रखे हैं। ऐसा कोई एकाध को छोड़कर ऐसा कोई क्षेत्र नहीं जहां उसे जलभराव की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। इससे यहां के निवासियों को भी भारी दिक्कत हो रही है जिसकी वजह है जिम्मेदार विभाग के लोगों और जनप्रतिनिधियों की आंखो का पानी मर जाना बताया जाता है।
वैसे विभिन्न इलाकों में जल निकासी के लिए छोटे बड़े नालों की संख्या भी इस महानगर में दर्जनों में है लेकिन अधिकांश नालों को समय रहते साफ नहीं किया गया, जिसके फलस्वरूप जलभराव की समस्या का सामना लगभग हर इलाके को करना पड़ रहा है।
चकेरी ,लाल बंगला ,यशोदा नगर, नौबस्ता , बर्रा , दबौली, गुजैनी , पनकी , रावतपुर, बाबू पुरवा , कोतवाली , छावनी , रेल बाजार रायपुरवा , खलवा पुल और किदवईनगर समेत दर्जनों ऐसे इलाके हैं, जहां जलभराव की समस्या हर साल उत्पन्न होती है और अब इस साल भी इन्हीं हालातों का सामना करना पड़ रहा है ,जिसको लेकर क्षेत्रीय लोगों में जबरदस्त रोष भी व्याप्त है।
कुल मिलाकर जिम्मेदार अधिकारीऔर पार्षद से लेकरसांसद विधायक तक इस महानगर में जलभराव की समस्या से निजात दिलाने में सफल नहीं हो पा रहे हैं। कई इलाकों की नालियां और मेनहोल भी जाम पड़े हैं, जिसकी वजह से भी लोग परेशान हैं।