मानसरोवर झील में नाव पलटने से 27 वर्षीय युवक की मौत

मानसरोवर झील में नाव पलटी, जिंदगी बचाने के लिए लड़ता रहा शिवम, गहरे पानी में समाया
घूमने की चाह में झील के बीच पहुंचा 27 वर्षीय युवक, नाव का संतुलन बिगड़ने से हुआ हादसा; बचाने पहुंचे युवक ने पानी से निकाला शव, पटेलनगर में पसरा मातम

भीलवाड़ा|स्मार्ट हलचल|झील का शांत पानी, घूमने का शौक और कुछ पल सुकून से बिताने की चाह। लेकिन किसे पता था कि यही शौक एक परिवार की खुशियां हमेशा के लिए छीन लेगा। भीलवाड़ा की मानसरोवर झील में शुक्रवार दोपहर एक दर्दनाक हादसे में 27 वर्षीय शिवम सिंह राजपूत की डूबने से मौत हो गई। झील में नाव लेकर निकले शिवम की नाव अचानक पलट गई और वह गहरे पानी में जा गिरे। जिंदगी बचाने के लिए वह काफी देर तक पानी में संघर्ष करते रहे। तैरकर किनारे तक पहुंचने की कोशिश भी की, लेकिन सफलता नहीं मिली। सूचना मिलने पर बचाने पहुंचे एक युवक ने उन्हें पानी से बाहर निकाला, लेकिन तब तक उनकी सांसें थम चुकी थीं। हादसे की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और न्यू पटेलनगर क्षेत्र में शोक की लहर छा गई।
प्रताप नगर थाना पुलिस के अनुसार, न्यू पटेलनगर सेक्टर-9 निवासी शिवम सिंह राजपूत पुत्र अनिल सिंह राजपूत शुक्रवार दोपहर मानसरोवर झील पहुंचे थे। प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी के मुताबिक, शिवम झील किनारे खड़ी एक नाव में बैठकर उसे खेते हुए पानी के बीच तक ले गए। इसी दौरान अचानक नाव का संतुलन बिगड़ गया और नाव पलट गई। नाव पलटते ही शिवम गहरे पानी में गिर गए। देखते ही देखते उनके सामने जिंदगी बचाने का संघर्ष खड़ा हो गया।
पानी में गिरने के बाद शिवम ने हिम्मत नहीं हारी। उन्होंने तैरकर किनारे तक पहुंचने की कोशिश की, लेकिन किनारा दूर होने के कारण उनकी मुश्किलें बढ़ती चली गईं। पानी में लगातार संघर्ष करने से वह थक गए और आखिरकार गहरे पानी में डूब गए। कुछ देर पहले तक जिस युवक के लिए झील की सैर मनोरंजन का जरिया थी, वही झील उसके लिए मौत का कारण बन गई।
हादसे की सूचना मिलने पर निलेश कुमार नाम का युवक मौके पर पहुंचा। उसने शिवम को बचाने के लिए झील में छलांग लगाई और उन्हें पानी से बाहर निकालने का प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद शिवम को बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। हादसे की जानकारी मिलते ही प्रताप नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। परिजन भी झील पर पहुंचे और शिवम की पहचान की। जवान बेटे की मौत की खबर से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
पुलिस के अनुसार, शिवम बेरोजगार थे और पिछले करीब दो महीनों से घर भी नहीं गए थे। हादसे के वास्तविक कारणों और उससे जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जिला अस्पताल की मोर्चरी में पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू की।
मानसरोवर झील में हुए इस हादसे ने झील में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। झील किनारे खड़ी नाव का इस्तेमाल करने की अनुमति थी या नहीं, नावों की निगरानी के लिए क्या इंतजाम हैं और ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा के पर्याप्त उपाय किए गए हैं या नहीं, इन पहलुओं पर संबंधित जिम्मेदारों को ध्यान देने की जरूरत है।
शिवम की मौत ने एक परिवार को ऐसा दर्द दे दिया, जिसकी भरपाई कभी नहीं हो सकती। झील की सैर पर निकले युवक का सफर हमेशा के लिए थम गया। हादसा एक बार फिर चेतावनी दे गया कि पानी की गहराई और सुरक्षा के प्रति जरा-सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है।