मॉडल स्कूल जहाजपुर का बोर्ड परिणाम फिर निराशाजनक, शिक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
जहाजपुर, स्मार्ट हलचल।(मोहम्मद आज़ाद नेब) स्वामी विवेकानंद राजकीय मॉडल स्कूल का सीबीएसई बोर्ड परीक्षा 2026 में कक्षा 12 का परिणाम एक बार फिर चर्चा का विषय बना हुआ है। विद्यालय का वास्तविक परीक्षा परिणाम अपेक्षा से काफी कम रहने पर स्थानीय स्तर पर शिक्षा व्यवस्था और शिक्षकों की कार्यशैली को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।
स्कूल के सुत्रों से मिली जानकारी के अनुसार विद्यालय का परिणाम करीब 50 प्रतिशत बताया जा रहा है, जबकि आधिकारिक रूप से इससे अधिक प्रतिशत दर्शाए जाने की चर्चा है। पिछले कुछ वर्षों में भी विद्यालय का परीक्षा परिणाम विभागीय मानकों के अनुरूप नहीं रहा, जिससे अभिभावकों और विद्यार्थियों में चिंता बनी हुई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि विद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियों की तुलना में आंतरिक राजनीति अधिक हावी रही, जिसका सीधा असर विद्यार्थियों की पढ़ाई पर पड़ा। आरोप यह भी लगाए जा रहे हैं कि शिक्षण कार्य में लापरवाही और अनुशासन संबंधी शिकायतें समय-समय पर उच्च अधिकारियों तक पहुंचाई गईं, लेकिन प्रभावी कार्रवाई नहीं हो सकी।
विद्यालय प्रशासन में बदलाव के बावजूद परीक्षा परिणाम में अपेक्षित सुधार नहीं होने से अब शिक्षा व्यवस्था और जवाबदेही को लेकर बहस तेज हो गई है। लोगों का मानना है कि विद्यार्थियों के भविष्य को प्राथमिकता देते हुए विद्यालय में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण वातावरण सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष समीक्षा कर शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं, ताकि विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित न हो।
