ब्यावर में प्रशासन का बड़ा एक्शन: बिचडली तालाब क्षेत्र से हटाए अतिक्रमण, खातेदारों पर दर्ज होगा केस

अब्दुल रहमान प्रकरण के तहत हाईकोर्ट के नियमों का उल्लंघन करने वालों पर गिरेगी गाज; पक्के निर्माणों की भी होगी जांच

अनिल कुमार

ब्यावर।स्मार्ट हलचल।ब्यावर के ऐतिहासिक बिचडली तालाब को अतिक्रमण मुक्त कराने और उसके मूल स्वरूप को बचाने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। उपखंड अधिकारी (SDM) दिव्यांश सिंह के निर्देशन में गुरुवार को प्रशासनिक टीम ने भारी पुलिस जाप्ते के साथ बिचडली तालाब के जल भराव क्षेत्र (कैचमेंट एरिया) में बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। इस दौरान तालाब क्षेत्र में अवैध रूप से डाली गई मिट्टी और अस्थायी निर्माणों को जेसीबी की मदद से ध्वस्त कर दिया गया।

जल भराव क्षेत्र को नुकसान पहुँचाने की मिल रही थीं शिकायतें
उपखंड अधिकारी श्री सिंह ने बताया कि पिछले कुछ समय से बिचडली तालाब के आसपास मिट्टी डालकर उसके जल भराव क्षेत्र पर कब्जा करने की निरंतर शिकायतें मिल रही थीं। प्रशासन ने त्वरित संज्ञान लेते हुए पहले चरण में मौके का बारीकी से निरीक्षण किया। शिकायतें सही पाए जाने पर तुरंत कार्रवाई का निर्णय लिया गया और जल भराव क्षेत्र में डाली गई मिट्टी व कच्चे-अस्थायी ढांचों को हटा दिया गया।

उन्होंने सख्त लहजे में चेतावनी देते हुए कहा,

“तालाब के मूल स्वरूप और जल भराव क्षेत्र को सुरक्षित रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। अगले चरण में क्षेत्र में किए गए पक्के निर्माणों की विस्तृत जांच की जाएगी और नियमानुसार उन्हें भी ध्वस्त कर कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।”

अब्दुल रहमान प्रकरण का उल्लंघन, धारा 177 के तहत मामला दर्ज
हल्का पटवारी (नयानगर) की रिपोर्ट के अनुसार, राजस्व ग्राम नयानगर स्थित खसरा संख्या 2328/1461, 2494/2470, 1440, 1447, 1448 एवं 2515/1456 की खातेदारी भूमियों पर संबंधित खातेदारों द्वारा बिना किसी भूमि संपरिवर्तन (कन्वर्जन) के अवैध गतिविधियां संचालित की जा रही थीं।

यह पूरा मामला माननीय उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार ‘अब्दुल रहमान प्रकरण’ (जो जल स्रोतों के संरक्षण से संबंधित है) के दायरे में आता है। नियमों का खुला उल्लंघन करने पर संबंधित खातेदारों के विरुद्ध राजस्थान काश्तकारी अधिनियम
की धारा 177 के तहत प्रकरण तैयार कर उपखंड अधिकारी कार्यालय में प्रस्तुत कर दिए गए हैं।

भारी पुलिस जाप्ते के बीच चली कार्रवाई
अतिक्रमण हटाने की इस बड़ी कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर भारी पुलिस बल और महिला कांस्टेबलों की तैनाती की गई थी। नगर परिषद ब्यावर को अतिक्रमण मुक्त अभियान के लिए आवश्यक संसाधन और जेसीबी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे।

मौके पर मौजूद रहे आला अधिकारी:

इस पूरी कार्रवाई के दौरान अतिरिक्त जिला कलेक्टर (ADC) ब्रह्म लाल जाट, तहसीलदार हनुत सिंह, पुलिस उपाधीक्षक (DSP) राजेश कसाना सहित नगर परिषद और विभिन्न विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मुस्तैद रहे। प्रशासन की इस कड़क कार्रवाई से भू-माफियाओं और अवैध कब्जाधारियों में हड़कंप मचा हुआ है।