गंगापुर – कस्बे और आस-पास के ग्रामीण इलाकों में सोमवार को अचानक आए तेज अंधड़ और तूफानी हवाओं ने भारी तबाही मचाई है। चक्रवाती हवाओं के इस तांडव से जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया। महज कुछ ही मिनटों की तेज हवाओं ने कस्बे में भारी नुकसान पहुंचाया है, जिससे चारों तरफ अफरा-तफरी का माहौल बन गया। तेज हवाओं के बाद बरसात का दौर शुरू हुआ जो लगभग आधे घंटे तक चलता रहा।
पोटला में आसमान में उड़े टिनशेड, भरभराकर गिरीं दीवार
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शाम 5:30 बाद अचानक मौसम का मिजाज बदला और धूलभरी तेज हवाएं चलने लगीं। हवा की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई मकानों और दुकानों के ऊपर रखे भारी-भरकम टिनशेड कागज़ की तरह हवा में उड़ गए और दूर जा गिरे। तूफानी हवाओं के दबाव के कारण पोटला में कच्चे मकान की दीवार भरभराकर ढह गईं। गनीमत यह रही कि मलबे की चपेट में आने से कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन कई लोग बाल-बाल बचे।
दर्जनों पेड़ उखड़े, बिजली के पोल और तार टूटे, तूफान का सबसे ज्यादा असर पोटला की सड़कों और बिजली व्यवस्था पर पड़ा है। मुख्य मार्गों और संपर्क सड़कों पर दर्जनों पुराने और विशालकाय पेड़ जड़ से उखड़कर गिर गए, जिससे यातायात पूरी तरह से बाधित हो गया। पेड़ों के गिरने और तेज हवा के थपेड़ों के कारण विद्युत विभाग के पोल जमींदोज़ हो गए और मुख्य सप्लाई की लाइनें के तार टूटकर सड़कों पर बिखर गए। बिजली के बुनियादी ढांचे को पहुंचे इस भारी नुकसान के कारण पूरे कस्बे की बिजली गुल हो गई है।
बड़ा संकट बिजली के पोल टूटने और तार गिरने से पूरे क्षेत्र में ब्लैकआउट जैसी स्थिति बन गई है। पेयजल आपूर्ति भी बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है।
प्रशासनिक मुस्तैदी और राहत कार्य
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पोटलां पुलिस चौकी प्रशासन और विद्युत विभाग की टीमें अलर्ट मोड पर आ गईं।
मार्ग सुचारू के प्रयास
सड़कों पर गिरे पेड़ों को कटर की मदद से हटाकर रास्ता साफ करने के प्रयास युद्ध स्तर पर जारी हैं।
बिजली बहाली
विद्युत विभाग के अधिकारियों का कहना है कि नुकसान काफी बड़ा है। टूटे हुए पोल और तारों को बदलने के लिए अतिरिक्त टीमें लगाई गई हैं, लेकिन पूरी तरह बिजली बहाल होने में समय लग सकता है।
स्थानीय प्रशासन ने एहतियात के तौर पर ग्रामीणों को अभी टूटे हुए बिजली के तारों से दूर रहने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है। फिलहाल नुकसान का आकलन किया जा रहा है।