डाइट उदयपुर में पौधारोपणकर पर्यावरण संरक्षण का आह्वान

उदयपुर, 5 जून|स्मार्ट हलचल।जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट), उदयपुर में आज शुक्रवार को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण एवं वृक्षारोपण विषयक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में संस्थान के अधिकारी, कर्मचारी एवं डी.एल.एड. शिक्षक-प्रशिक्षुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम संयोजक दर्जन सिह सिसोदिया ने बताया कि आयोजन की मुख्य वक्ता एवं जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती शीला काहाल्या ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षक समाज का पथप्रदर्शक होता है। यदि हमारे छात्राध्यापक आज पर्यावरण के प्रति जागरूक होंगे, तो वे आने वाली पूरी पीढ़ी को प्रकृति प्रेमी बना सकेंगे। हमारा लक्ष्य केवल पौधा लगाना नहीं, बल्कि उसे वृक्ष बनाने तक उसकी देखभाल करना होना चाहिए।
पी एंड एम प्रभारी डॉ. मृदुला तिवारी ने इस दिवस के ऐतिहासिक संदर्भों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह मुहिम आज वैश्विक आंदोलन बन चुकी है। हमें अपनी प्राचीन वैदिक संस्कृति की ओर लौटकर प्रकृति का सम्मान करना होगा। उन्होंने न सिर्फ भौतिक अपितु सांस्कृतिक एवं जैविक पर्यावरण संरक्षण पर बल दिया।
इस अवसर पर ईटी प्रभागाध्यक्ष बीना कंवर राजपूत ने वर्ष 2026 की वैश्विक थीम ‘प्रकृति के साथ जीना’ पर विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि मानव को प्रकृति पर विजय पाने का अहंकार छोड़कर उसके साथ सामंजस्य बिठाकर जीवन जीना सीखना होगा।
गिरीश चौबीसा ने खेजडली बलिदान व चिपको आन्दोलन का स्मरण करते हुए दैनिक जीवन में छोटे बदलावों पर जोर दिया। उन्होंने सिंगल-यूज़ प्लास्टिक के पूरी तरह बहिष्कार और जल संरक्षण की बात करते हुए उपस्थित सभी संभागियों, संकाय सदस्यों और विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्द्धन की सामूहिक शपथ दिलाई।
इस अवसर पर प्राध्यापक हरिदत्त शर्मा एवं त्रिभुवन चौबीसा ने भी विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम में संस्थान के डीएलएड प्रथम वर्ष के छात्राध्यापक विकास मौसठ, भावेश पटेल, मोनिका गुप्ता तथा द्वितीय वर्ष के ललिता गुर्जर, ऋषभ मेहता, मानस कलाल, इंदिरा गरासिया, जयदेव सिंह पंवार, रोनकराज सिंह आदि ने भी प्रेरक संस्मरणों और लघु विचारों के माध्यम से अपनी सक्रिय सहभागिता दर्ज कराई।
इस अवसर पर संस्थान के सत्यप्रिय आर्य, गायत्री जोशी, दीपक सेन, सुरेन्द्र सिंह शक्तावत, अमिता शर्मा, रियाज़ अहमद, पुस्तकालयाध्यक्ष कल्पना दीक्षित, चिराग सेनानी भी उपस्थित थे l
कार्यक्रम के अंतिम चरण में संस्थान प्राचार्या ने रमेश बड़गुर्जर एवं नीरू बेन के सहयोग से छात्रों की उपस्थिति में संस्थान परिसर में पौधरोपण किया। प्राचार्या ने उपस्थित छात्रों को इन पौधों की नियमित देखभाल और सुरक्षा करने की जिम्मेदारी भी सौंपी।