गुरु अर्जन देव जी के शहीदी दिवस पर सिंधी समाज ने दिखाई सेवा-श्रद्धा

11 दिनों तक गूंजा सुखमणि साहिब का पाठ, भोग पर संगत ने बांटी ठंडाई

मूलचन्द पेसवानी
शाहपुरा।स्मार्ट हलचल।सिंधी समाज द्वारा पांचवें सिख गुरु श्री गुरु अर्जन देव जी के शहीदी दिवस पर श्रद्धा, सेवा और समर्पण का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया गया। शाहपुरा की सिंधी संगत ने सामूहिक रूप से 11 दिनों तक धार्मिक अनुष्ठान आयोजित कर गुरु साहिब के आदर्शों को स्मरण किया। इस दौरान सुखमणि साहिब, जपजी साहिब और चैपाई साहिब के नियमित पाठ से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।
गुरु अर्जन देव जी का शहीदी दिवस केवल एक स्मृति दिवस नहीं, बल्कि त्याग, तपस्या, सहनशीलता और मानवता के उच्च आदर्शों को आत्मसात करने का अवसर भी है। सिंधी संगत ने इसी भावना के साथ श्रद्धा और अनुशासनपूर्वक 11 दिवसीय पाठ का आयोजन किया, जिसमें समाज के महिला-पुरुष, युवा और वरिष्ठजन बड़ी संख्या में शामिल हुए।
इन 11 दिनों तक सुबह-शाम गुरबाणी की मधुर स्वर लहरियां गूंजती रहीं। संगत ने एक स्वर में अरदास कर समाज, शहर और देश की सुख-समृद्धि की कामना की। श्रद्धालुओं ने कहा कि गुरु अर्जन देव जी ने सत्य और धर्म की रक्षा के लिए जो बलिदान दिया, वह आज भी पूरी मानवता को अन्याय के खिलाफ डटकर खड़े रहने की प्रेरणा देता है।
रामशाला भवन के सामने गुरुवार को भोग के अवसर पर धार्मिक आयोजन का समापन विशेष श्रद्धा के साथ हुआ। भोग पश्चात सिंधी संगत द्वारा रामशाला भवन के सामने राहगीरों एवं श्रद्धालुओं को ठंडाई (मिल्क रोज) वितरित की गई। भीषण गर्मी के बीच ठंडी ठंडाई पाकर लोगों ने राहत महसूस की और संगत की सेवा भावना की सराहना की। इस मौके पर लीलाराम वासवानी, हरिश मतलानी, जगदीश आसवानी मौजूद रहे।