कनेरा घाटा क्षेत्र में आदिवासी समाज ने निकाला भव्य जुलूस, पारंपरिक संस्कृति और सामाजिक एकता की दिखी झलक
कनेरा, 09 अगस्त,( जाकिर हुसैन)
स्मार्ट हलचल|विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर रविवार को कनेरा घाटा क्षेत्र में आदिवासी समाज की ओर से भव्य जुलूस निकाला गया। जुलूस में बड़ी संख्या में समाज के महिला-पुरुष, युवा एवं बच्चे उत्साहपूर्वक शामिल हुए। पारंपरिक वेशभूषा, रंग-बिरंगी पगड़ियों, आदिवासी ध्वज एवं सांस्कृतिक प्रतीकों के साथ निकले जुलूस ने कनेरा क्षेत्र में आदिवासी संस्कृति की जीवंत छटा बिखेर दी। भगवान बिरसा मुंडा के जयघोष एवं ‘जय जोहार’ के नारों से पूरा क्षेत्र गूंजायमान रहा।
*बस स्टैंड परिसर में पुष्पवर्षा से हुआ आत्मीय स्वागत*
कनेरा घाटा क्षेत्र से निकला आदिवासी समाज का भव्य जुलूस विभिन्न मार्गों से होते हुए कनेरा बस स्टैंड परिसर पहुंचा। यहां राजस्थान सरकार के पूर्व सहकारिता मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता उदयलाल आंजना की ओर से कांग्रेसजनों ने जुलूस में शामिल आदिवासी समाज के लोगों पर पुष्पवर्षा कर आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन किया।
इस अवसर पर कांग्रेसजनों ने समाजबंधुओं को विश्व आदिवासी दिवस की शुभकामनाएं दीं तथा क्षेत्र की सुख-समृद्धि, खुशहाली, सामाजिक एकता एवं जनकल्याण की मंगलकामनाएं व्यक्त कीं।
*पारंपरिक संस्कृति और सामाजिक एकता की दिखी झलक*
डीजे की धुनों और उत्साहपूर्ण माहौल के बीच निकले जुलूस में आदिवासी समाज की समृद्ध संस्कृति, परंपराओं, प्रकृति प्रेम, सामाजिक एकता एवं भाईचारे की आकर्षक झलक देखने को मिली। महिला-पुरुषों के साथ बड़ी संख्या में युवा एवं बच्चे भी जुलूस में शामिल हुए।
जुलूस में भगवान बिरसा मुंडा एवं वीर योद्धा राणा पूंजा (भील) के प्रति श्रद्धा एवं सम्मान का भाव दिखाई दिया। जुलूस के माध्यम से समाज ने अपनी गौरवशाली संस्कृति एवं परंपराओं के संरक्षण तथा इन्हें आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने का संदेश दिया।
वीर राणा पूंजा की प्रतिमा स्थल पर हुआ समापन
भव्य जुलूस का समापन वीर राणा पूंजा (भील) की प्रतिमा स्थल पर हुआ। यहां आयोजित कार्यक्रम में आदिवासी समाज के सामाजिक योगदान, प्रकृति संरक्षण एवं सांस्कृतिक विरासत को लेकर वक्ताओं ने अपने विचार व्यक्त किए।
*आदिवासी समाज के प्रकृति प्रेम और योगदान को सराहा*
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए चित्तौड़गढ़ जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व उपाध्यक्ष पुरुषोत्तम झंवर ने कहा कि आदिवासी समाज का प्रकृति, पर्यावरण और अपनी संस्कृति के साथ सदियों पुराना गहरा संबंध रहा है। आदिवासी समाज ने सामाजिक एकता, भाईचारे एवं सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण में सदैव महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
उन्होंने कहा कि समाज की समृद्ध परंपराएं और प्रकृति के प्रति सम्मान भारतीय संस्कृति की महत्वपूर्ण धरोहर हैं। आदिवासी समाज के विकास एवं सामाजिक उत्थान के लिए सभी को मिलकर सकारात्मक प्रयास करने चाहिए।
विश्व आदिवासी दिवस पर ₹21 हजार की सहयोग राशि
कनेरा घाटा क्षेत्र में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अतिथियों एवं कांग्रेसजनों द्वारा विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर ₹21,000 (इक्कीस हजार रुपये) की सहयोग राशि प्रदान की गई। इस सहयोग को समाजहित एवं सामाजिक एकजुटता की दिशा में सकारात्मक पहल बताते हुए समाजजनों ने आभार व्यक्त किया।
*उपरना ओढ़ाकर कांग्रेसजनों का किया अभिनंदन*
कार्यक्रम के दौरान भील समाज विकास समिति के पदाधिकारियों एवं समाजजनों ने कांग्रेस पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का उपरना ओढ़ाकर एवं माल्यार्पण कर आत्मीय स्वागत-अभिनंदन किया। समाज की ओर से विश्व आदिवासी दिवस के आयोजन में सहभागिता एवं सहयोग के लिए कांग्रेसजनों का आभार व्यक्त किया गया।
कांग्रेसजन एवं ग्रामीण रहे मौजूद
इस अवसर पर कार्यक्रम में प्रमुख रूप से चित्तौड़गढ़ जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व उपाध्यक्ष पुरुषोत्तम झंवर, निंबाहेड़ा ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सम्पतलाल धाकड़, पूर्व सरपंच कनेरा तुलसीराम धाकड़, मंडल कांग्रेस अध्यक्ष कमलेश धाकड़, युवा कांग्रेस मंडल अध्यक्ष कन्हैयालाल मेघवाल, कनेरा कांग्रेस अध्यक्ष श्रीनिवास नायमा, उमाशंकर बीर, दीपक धाकड़ सरपंच बांगेड़ा, समरथ धाकड़ पूर्व सरपंच बांगेड़ा, सुनील धाकड़ बेनीपुरिया, गोपाल दीवान, प्रकाश धाकड़ सरसी, दिलीप मेघवाल, देवी लाल सालवी कोचवा, शिवप्रकाश बैरागी, श्यामलाल मेघवाल, सुरेशचंद्र मेघवाल, राधेश्याम धाकड़, जगदीश मालवी पूर्व प्रिंसिपल, समरथ धाकड़ कोचवा, बाबूलाल, गोपाल सुथार, भरत धाकड़, गोरिलाल सुथार, प्रहलाद ठन्ना, पंकज राठौर, श्रवणजी दीपपुरा, देवीलाल सुथार, अमृतलाल धाकड़, फुलेश खटीक, शांतिलाल नायमा, दीपक खटीक, अंकित खटीक, ओमप्रकाश खटीक, सागरमल धाकड़, बबलू नायमा एवं अनुज धाकड़ सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि, समाजजन एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
