बड़ी खबर | जहाजपुर
अलकेश पारीक
जहाजपुर। स्मार्ट हलचल|नगर पालिका चुनाव के बीच जहाजपुर में ईद मिलाद-उन-नबी के कार्यक्रम की अनुमति निरस्त किए जाने को लेकर विवाद गहरा गया है। मुस्लिम समाज का कहना है कि ईद मिलाद कार्यक्रम के लिए 1 सितंबर को प्रशासन से अनुमति दी गई थी, जबकि कार्यक्रम 3 सितंबर यानी आज ही आयोजित होना था।समाज के अनुसार कार्यक्रम की तैयारियां पूरी होने के बाद कार्यक्रम वाले दिन ही अनुमति निरस्त कर दी गई, जिससे मुस्लिम समाज में आक्रोश फैल गया।
मामले को लेकर मुस्लिम समाज के नजीर सरवरी ने समाज की ओर से नगर पालिका चुनाव के बहिष्कार की घोषणा कर दी है। चुनावी माहौल में इस ऐलान के बाद जहाजपुर की सियासत में हलचल तेज हो गई है।
अब सबसे बड़ा सवाल—
जब 1 सितंबर को कार्यक्रम की अनुमति दे दी गई थी, तो 3 सितंबर को कार्यक्रम के दिन उसे निरस्त करने की जरूरत क्यों पड़ी?
एक तरफ नगर पालिका चुनाव को लेकर भाजपा-कांग्रेस और निर्दलीयों के बीच मुकाबला तेज है, वहीं दूसरी ओर मुस्लिम समाज के चुनाव बहिष्कार के ऐलान ने चुनावी समीकरणों को नई चुनौती दे दी है।
अब देखना होगा कि प्रशासन के इस फैसले और मुस्लिम समाज के बहिष्कार के ऐलान का जहाजपुर नगर पालिका चुनाव पर कितना असर पड़ता है।
जहाजपुर की सियासत में नया मोड़—ईद मिलाद की अनुमति बनी चुनावी मुद्दा!
