मां दधिमती की आराधना से डांडिया उत्सव तक, भक्ति और उल्लास में रंगा दाधीच समाज

‘अम्बे तू है जगदम्बे’ की गूंज के बीच मां दधिमती का पूजन, 51 कन्याओं को कराया भोजन
दाधिच समाज में मां दधिमती के दरबार में भक्ति, डांडिया उत्सव में उमड़ा उल्लास
लाया थारी चुनरी कर ले माँ स्वीकार ,मारा माताजी तो घना रूपाला सा दधिमती माँ
मां दधिमती की आराधना, भजनों की गूंज और डांडिया की खनक से भक्तिमय हुआ माहौल

कोटा। स्मार्ट हलचल|दाधीच समाज की ओर से मां दधिमती का पूजन-अभिषेक, हवन और कन्या पूजन श्रद्धा के साथ किया गया। वहीं, डांडिया उत्सव में भजनों की स्वर लहरियों और डांडिया की खनक ने माहौल को भक्तिमय बना दिया। समाज अध्यक्ष रविंद्र जोशी, मंत्री निमेष पुरोहित ने बताया कि श्री महर्षि दधिची छात्रावास समिति में सुबह 11 बजे आयोजित धार्मिक अनुष्ठान में महिलाओं ने सामूहिक भजन-कीर्तन कर मां की आराधना की। ‘लाया थारी चुनरी’ और ‘अम्बे तू है जगदम्बे’ ‘मारा माताजी तो घना रूपाला सा दधिमती माँ’ जैसे भजनों से परिसर गूंज उठा। मां को चुनरी अर्पित कर हवन किया गया। इसके बाद 51 कन्याओं को श्रद्धापूर्वक भोजन कराया गया और उपहार भेंट किए गए।
महिला मंडल अध्यक्ष स्मिता शर्मा और अंबिका शर्मा ने बताया कि रात्रि में आयोजित डांडिया उत्सव में समाज के सदस्यों ने उत्साह के साथ भाग लिया। भजनों और गीतों की धुन पर महिला-पुरुषों तथा बच्चों ने सामूहिक डांडिया खेला। पारंपरिक उल्लास और भक्ति के संगम ने आयोजन में चार चांद लगा दिए। प्रतिभागियों ने अपनी प्रस्तुतियों से सभी का ध्यान खींचा।महिला मंडल अध्यक्ष स्मिता शर्मा और अंबिका शर्मा के निर्देशन में व्यवस्थाएं संभाली गईं।
नागेश दाधिच ने बताया कि उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। वैद्य रामचरण दाधीच, राज दाधीच, डॉ. रश्मि दाधीच, लोकेश दाधीच और भावना दाधीच ने विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए। छोटे बच्चों, महिला और पुरुष वर्ग के प्रतिभागियों के बाद युगल जोड़ियों को भी उनके प्रदर्शन के आधार पर पुरस्कृत किया गया। पुरस्कार पाकर विजेताओं के चेहरे खिल उठे।
समाज अध्यक्ष रविंद्र जोशी, मंत्री निमेष पुरोहित और कोषाध्यक्ष सुनील शर्मा की उपस्थिति में आयोजन संपन्न हुआ।