जम्मू कश्मीर की भारत पाक सीमा के दुर्गम गांव में स्वास्थ्य सेवा दे रहे कोटा के चिकित्सक ,स्वास्थ्य सेवा राष्ट्र सेवा- डॉ व्यास

कोटा. स्मार्ट हलचल|कामए दुःख तप्तानाम् प्राणीनामार्तीनाशनम् की भावना से 11वीं राष्ट्रीय ऋषि कश्यप स्वास्थ्य सेवा यात्रा का आयोजन जम्मू कश्मीर की इंडो पाक सीमा के गांवों में मूलभूत सुविधाओं और स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में किया गया।
नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन, सेवा विभाग, सीमा जागरण मंच और एकल अभियान द्वारा प्रायोजित 123 कैंप में कोटा से चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग में उपनिदेशक एवं खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रभाकर व्यास एवं उनकी टीम ने अरनिया तहसील के सुहागपुर, अड़लेड, कूलकला, बदरपुर, पॉवेल, पिंडी,
त्रिवा, चिंगीआ गाँव में अपनत्व की भावना के साथ स्थानीय ग्रामीणों के बीच उनके घरों में रहकर निशुल्क कैंप लगा सेवा कार्य किया।
डॉ व्यास ने बताया कि संभावित कैंसर रोगों के मरीजों की स्क्रीनिंग की। मधुमेह और हृदय संबंधी रोगों की शर्करा एवं रक्तचाप की जांच कर उनको आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया। नाक कान गला रोग ,मुख दंत रोग ,उदर रोग, नेत्र रोग, त्वचा रोग,शिशु रोगों, महिला रोगों गर्भवती एवं धात्री माता में होने वाली जटिलताओं की पहचान कर आवश्यक निदान किया।
इसके साथ ही मौसमी बीमारियों,असुरक्षित खानपान एवं अस्वच्छता की वजह से होने वाले रोगों,संक्रामक रोगों, पोषक तत्वों की अनियमितता से होने वाले रोगों को पहचान कर उन्हें उपचारित किया। साथ ही स्वच्छ एवं स्वस्थ जीवन शैली हेतु स्वास्थ्य शिक्षा प्रदान कर जागरूक किया। मानसिक रोगों से ग्रस्त मरीजों को जरूरी उपचार देकर परिजनों को आवश्यक जीवन शैली के बारे में बताया।
डॉ व्यास ने कहा कि वसुधैव कुटुंबकम की भावना से राष्ट्र के अंतिम छोर पर स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित लोगों को सामाजिक मुख्य धारा में जोड़ना ही इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य है।
इस स्वास्थ्य सेवा यात्रा में उपनिदेशक एवं खण्ड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रभाकर व्यास, लखनऊ से डॉ सोनाली, कर्नाटक से डॉ रोहिणी , हरियाणा से डॉ संदीप तंवर, गुजरात से डॉ स्मित, गंगानगर से डॉ शुभम उत्तर प्रदेश के विवेक, छत्तीसगढ़ से विशाल,कोटा के डॉ विक्रम गुर्जर और डॉ जीतकरण पाटीदार ने भाग लिया।