हिंदी पत्रकारिता दिवस की 200 वीं वर्षगांठ पर सदर विधायिका ने किया दर्जनों पत्रकारों को सम्मानित
इटावा। स्मार्ट हलचल।हिंदी पत्रकारिता दिवस की 200वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में आयोजित पत्रकार सम्मेलन एवं सम्मान समारोह में 50 से अधिक वरिष्ठ एवं नवोदित पत्रकारों का सम्मान कर उन्हें दुर्घटना बीमा पॉलिसी तथा पहचान पत्र वितरित किए गए।इस अवसर पर कार्यक्रम की मुख्य अतिथि विधायक सदर श्रीमती सरिता भदौरिया ने कहा कि आजादी के समय से ही पत्रकारों ने इस देश और समाज की भलाई के लिए बहुत कुछ सहा है। पत्रकारिता तब भी बहुत कठिन थी और आज भी कठिन है, पत्रकारिता सच की आवाज़ है। सही को सही और गलत को गलत लिखना ही सच्ची पत्रकारिता है। लेकिन सच लिखने वाला वही पत्रकार आज जब सच लिखने की सज़ा पाता है तो बहुत चिंता होती है। इसलिए सच्चे पत्रकारों को सम्मान और संरक्षण दिए जाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि हिंदी पत्रकारिता दिवस पर आयोजित इस सम्मेलन में जनपद के वरिष्ठ पत्रकारों का सम्मान करके वास्तव में मैं स्वयं को बहुत गौरवान्वित महसूस कर रही हूं।
सम्मेलन के विशिष्ट अतिथि डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश कुमार त्रिपाठी एडवोकेट ने कहा कि पत्रकार और अधिवक्ता का परस्पर अभिन्न नाता है, क्योंकि ये दोनों ही पीड़ित को न्याय दिलाने के लिए तत्पर रहते हैं। अधिवक्ता और पत्रकार न हों तो अन्याय और उत्पीड़न के खिलाफ कोई लड़ाई नहीं लड़ सकता।
वरिष्ठ पत्रकार गणेश ज्ञानार्थी ने हिंदी पत्रकारिता के इतिहास और वर्तमान चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा करते हुए कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र की आत्मा है। सच्चे पत्रकार हमेशा से सत्य और न्याय के लिए संघर्ष करते आए हैं और आगे भी करते रहेंगे।
जिले के निष्पक्ष व निर्भीक पत्रकार पीड़ितों की आवाज उठाने के लिए हमेशा तत्पर रहने वाले मनोज कुमार कठेरिया समेत 60 पत्रकारों को सदर विधायिका सरिता भदौरिया ने श्रेष्ठ पत्रकारिता के लिए मोमेंटो देकर सम्मानित किया।
