लखीमपुर खीरी में जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर ध्वस्तीकरण आदेश निरस्त करने और रेगुलराइजेशन की मांग
लखीमपुर खीरी।स्मार्ट हलचल|जनपद रामपुर स्थित मौलाना मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के प्रस्तावित ध्वस्तीकरण के मामले में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (ए.आई.एम.आई.एम) ने हस्तक्षेप करते हुए छात्रहित में आवाज बुलंद की है। जिला अध्यक्ष मोहम्मद नसीम के नेतृत्व में पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर विश्वविद्यालय के ध्वस्तीकरण आदेश को निरस्त करने तथा नियमानुसार रेगुलराइजेशन/संयोजन शुल्क के माध्यम से शिक्षण कार्य जारी रखने की मांग की।
ज्ञापन में कहा गया कि मौलाना मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय सभी धर्मों और संप्रदायों के विद्यार्थियों की शैक्षिक उन्नति का महत्वपूर्ण केंद्र है। यहां बड़ी संख्या में गरीब और कमजोर वर्ग के छात्र-छात्राएं शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। ऐसे में विश्वविद्यालय की इमारतों को ध्वस्त करने का निर्णय हजारों विद्यार्थियों के भविष्य को प्रभावित कर सकता है।
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन ने अपने ज्ञापन में कहा कि यदि निर्माण से संबंधित कोई तकनीकी या नियामकीय कमी है तो उसका समाधान ध्वस्तीकरण के बजाय नियमानुसार रेगुलराइजेशन, विकास शुल्क या संयोजन शुल्क के माध्यम से किया जाना चाहिए। ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि विश्वविद्यालय का निर्माण होने के समय संबंधित क्षेत्र रामपुर विकास प्राधिकरण के परिक्षेत्र में शामिल नहीं था।
पार्टी ने संविधान में शिक्षा के अधिकार और अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थानों के अधिकारों का हवाला देते हुए कहा कि चलते हुए शैक्षिक सत्र के दौरान किसी बड़े शिक्षण संस्थान के ध्वस्तीकरण से विद्यार्थियों की पढ़ाई और भविष्य पर गंभीर असर पड़ सकता है। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन ने सरकार और संबंधित विभागों से छात्रहित में तत्काल हस्तक्षेप कर ध्वस्तीकरण आदेश पर रोक लगाने और मामले का वैधानिक समाधान निकालने की मांग की।
ज्ञापन प्राप्त करते हुए जिलाधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि मांगों को संबंधित अधिकारियों तक भेजकर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
इस दौरान केंद्रीय संयुक्त सचिव नजमुल हसन सिद्दीकी, केंद्रीय सचिव शाकिर अली अंसारी, यूथ जिला अध्यक्ष आसिफ अहमद उर्फ आशु, जिला महासचिव हनीफ खान, लीगल सेल जिला अध्यक्ष आसिफ सुहेल, एडवोकेट जावेद, लीगल सेल महासचिव, जिला सचिव अब्दुल हमीद, जिला सचिव सरताज, श्रीनगर विधानसभा अध्यक्ष अनवारुल उस्मानी, कस्ता विधानसभा अध्यक्ष फहीम, यूथ जिला सचिव सुहेल गाजी, पारस गुप्ता, शाहिद, फूलबेहड़ ब्लॉक अध्यक्ष अखलाक खान, नकहा अध्यक्ष शादाब अंसारी सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
जिला अध्यक्ष मोहम्मद नसीम ने कहा कि शिक्षा के मंदिर को बचाने के लिए हर लोकतांत्रिक और संवैधानिक मंच पर आवाज उठाई जाएगी। उनका कहना है कि किसी भी तकनीकी या प्रशासनिक कमी का समाधान विद्यार्थियों की शिक्षा बाधित करके नहीं, बल्कि कानून के दायरे में निकालना चाहिए।
