धौलपुर के कुख्यात और चंबल के खूंखार डकैत रहे जगन गुर्जर की जेल के भीतर गला घोंटकर हत्या

अजमेर की हाई सिक्योरिटी जेल में सोमवार दोपहर को एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। धौलपुर के कुख्यात और चंबल के खूंखार डकैत रहे जगन गुर्जर की जेल के भीतर गला घोंटकर हत्या कर दी गई है। इस वारदात से पूरे पुलिस महकमे और जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया है। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और जेल प्रशासन के तमाम आला अधिकारी भारी जाब्ते के साथ मौके पर पहुंच गए हैं।

भारी पुलिस अमला मौजूद

मिली जानकारी के अनुसार, सोमवार दोपहर को जेल में जगन गुर्जर पर हमला किया गया, जहां प्रथम दृष्टया गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी गई। वारदात की सूचना मिलते ही अजमेर पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अग्रवाला, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिमांशु जांगिड़, गणेश राम, डिप्टी नॉर्थ मनीष बडगूजर और सिविल लाइंस थाना प्रभारी शंभू सिंह शेखावत दलबल के साथ जेल पहुंचे। वहीं, जेल प्रशासन की ओर से हाई सिक्योरिटी जेल अधीक्षक पारसमल जांगिड़, अजमेर सेंट्रल जेल अधीक्षक और अनंतेश्वर सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर स्थिति संभाल रहे हैं

राजस्थान में दहशत का पर्याय बना जगन गुर्जर धौलपुर जिले के डांग क्षेत्र के भवुतीपुरा का रहने वाला था। साल 1994 में उसके जीजा की हत्या हो गई थी, जिसका बदला लेने के लिए उसने गांव के ही एक आदमी की हत्या कर दी थी। फिर पुलिस से बचने के लिए अपनी पत्नी और तीन भाइयों के साथ मिलकर चंबल के बिहड़ों में शरण ली और खुद की गैंग बना ली। जगन ने सात साल तक राजस्थान, मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश में फैले चंबल में खूब आंतक मचाया था।

जगन गुर्जर का आपराधिक इतिहास

  • धौलपुर डकैत: राजस्थान के धौलपुर जिले के डांग क्षेत्र से जुड़ा हुआ, जिसने 1990 के दशक में अपना गैंग बनाया।
  • चंबल का आतंक: राजस्थान, मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश में फैले चंबल बीहड़ों में दशकों तक आतंक फैलाया।
  • इनाम: उस पर कभी ₹11 लाख का इनाम रखा गया था।
  • मामले: हत्या, हत्या का प्रयास, लूट, डकैती और पुलिस पर फायरिंग जैसे 80–100 से अधिक केस दर्ज थे।

हाल की घटनाएं

  • धमकी की शिकायत: मार्च 2025 में जगन गुर्जर ने पुलिस को रिपोर्ट दी थी कि उसे मोबाइल पर जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं।
  • सुधार का दावा: जेल से छूटने के बाद उसने कहा था कि वह अपराध छोड़ चुका है और परिवार के साथ शांतिपूर्ण जीवन जी रहा है।