मांगट देव मालाजी के मेले में उमड़ा आस्था का जनसैलाब, जयकारों से गूंजा मंदिर परिसर

आषाढ़ी नवमी पर हजारों श्रद्धालुओं ने किए दर्शन, सजी रंग-बिरंगी दुकानें, खरीदारी और मनोरंजन से गुलजार रहा मेला

अलकेश पारीक

जहाजपुर। स्मार्ट हलचल|क्षेत्र के सुप्रसिद्ध धार्मिक स्थल मांगट देव मालाजी में आषाढ़ी नवमी के पावन अवसर पर आयोजित वार्षिक मेले में बुधवार को श्रद्धालुओं का अभूतपूर्व जनसैलाब उमड़ पड़ा। सुबह से ही जहाजपुर सहित आसपास के गांवों और दूर-दराज क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे। श्रद्धालुओं ने मांगट देव मालाजी के दर्शन कर परिवार की सुख-समृद्धि, खुशहाली एवं मंगलमय जीवन की कामना की। मंदिर परिसर दिनभर भक्तों की आवाजाही और जयकारों से गुंजायमान रहा।
मेले में धार्मिक आस्था के साथ ग्रामीण संस्कृति की जीवंत झलक भी देखने को मिली। मंदिर परिसर के आसपास खिलौने, चूड़ियां, मिठाइयां, प्रसाद, घरेलू उपयोग की सामग्री, सजावटी सामान एवं बच्चों के आकर्षक खिलौनों की रंग-बिरंगी दुकानें सजीं। महिलाओं, युवाओं और बच्चों ने जमकर खरीदारी की, जिससे पूरे मेले में उत्साह का माहौल बना रहा और दुकानदारों के चेहरों पर भी रौनक दिखाई दी।
दर्शन के बाद श्रद्धालुओं ने परिवार सहित झूलों एवं अन्य मनोरंजन के साधनों का आनंद लिया। बच्चों की चहल-पहल और मेले की रौनक ने पूरे वातावरण को उत्सवमय बना दिया। दिनभर मेले में श्रद्धा, उल्लास और सामाजिक मेल-मिलाप का अनूठा संगम देखने को मिला।
श्रद्धालुओं की सुविधा एवं सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस प्रशासन द्वारा व्यापक व्यवस्थाएं की गईं। यातायात नियंत्रण, सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन के लिए पुलिसकर्मी पूरे समय मुस्तैद रहे, जिससे मेला शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ।
हर वर्ष की तरह इस बार भी मांगट देव मालाजी का वार्षिक मेला धार्मिक आस्था, सामाजिक समरसता और ग्रामीण संस्कृति का प्रतीक बनकर उभरा। मेले में उमड़ी भारी भीड़ ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि मांगट देव मालाजी के प्रति लोगों की श्रद्धा आज भी उतनी ही अटूट और गहरी है।