प्रशासन के आदेश कागजों में कैद, मांडलगढ़ में रिहायशी और भीड़भाड़ वाले इलाकों में धड़ल्ले से बिक रहे पटाखे: कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा, जिम्मेदारों की अनदेखी पर उठे सवाल
चिन्हित सुरक्षित स्थानों को ताक पर रखकर तंग बाजारों में सजीं बारूद की दुकानें; सुरक्षा मानकों की खुली धज्जियां, एसडीएम स्वाती झा बोलीं—’मामला दिखवाकर तुरंत करेंगे सख्त कार्रवाई’
मांडलगढ़ (स्मार्ट हलचल)
दीपावली के त्योहार पर शहरवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन द्वारा पटाखों की बिक्री को लेकर जारी किए गए आदेश मांडलगढ़ में महज औपचारिकता बनकर रह गए हैं। प्रशासन की ओर से पटाखों की दुकानों के लिए सुरक्षित खुले स्थान निर्धारित किए गए थे, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट है। चिन्हित स्थानों को दरकिनार कर कई व्यापारी शहर के व्यस्त बाजारों, मुख्य चौराहों और घनी आबादी वाले रिहायशी इलाकों में मनमर्जी से दुकानें लगाकर बारूद बेच रहे हैं।
घनी आबादी के बीच बारूद का ढेर, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा
घनी आबादी वाले क्षेत्रों और संकरे रास्तों पर पटाखों की बिक्री से कभी भी अप्रिय घटना घटने का गंभीर अंदेशा बना हुआ है। पटाखे अत्यंत ज्वलनशील होने के कारण तनिक सी असावधानी या चिंगारी भी भारी तबाही मचा सकती है। त्योहार के चलते बाजारों में आमजन की भारी आवाजाही है। ऐसे में बिना अग्निशमन सुरक्षा साधनों के घनी आबादी के बीच पटाखों का भंडारण और बिक्री आमजन के जीवन को सीधे संकट में डाल रहा है।
🛑 मांडलगढ़ पटाखा बिक्री व सुरक्षा संकट : मुख्य बिंदु
- प्रशासनिक आदेश: शहर से बाहर चिन्हित खुले मैदान में ही पटाखा दुकानों की अनुमति।
- धरातल पर उल्लंघन: आदेशों की अवहेलना कर बाजारों और रिहायशी क्षेत्रों में अवैध रूप से दुकानें संचालित।
- सुरक्षा जोखिम: अग्निशमन उपकरणों का अभाव, संकरी गलियों में भारी भीड़ के बीच आगजनी का बड़ा अंदेशा।
- प्रशासनिक रुख: एसडीएम स्वाती झा ने मामले का तुरंत संज्ञान लेकर जांच व सख्त कानूनी कार्रवाई की बात कही।
जिम्मेदारों की निगरानी पर सवाल, एसडीएम ने दिए कार्रवाई के संकेत
हैरानी की बात यह है कि प्रशासन द्वारा आदेश जारी किए जाने के बाद फील्ड स्तर पर इसकी पालना करवाने में कोई मुस्तैदी नहीं दिखाई गई, जिसके चलते व्यापारियों के हौसले बुलंद हैं। इस गंभीर लापरवाही को लेकर जब उपखंड अधिकारी स्वाती झा से सवाल किया गया, तो उन्होंने स्पष्ट कहा कि “प्रशासनिक आदेशों का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अभी टीम से पूरी जानकारी करवाकर नियमों के विरुद्ध दुकानें लगाने वालों पर तुरंत सख्त विधिक कार्रवाई की जा रही है।”