ANTF और पुलिस की संयुक्त पहल; केंद्रीय विद्यालय से हुई शुरुआत, स्कूल-कॉलेजों के बाहर बनेंगे ‘नो ड्रग्स जोन’
अनिल कुमार
ब्यावर।स्मार्ट हलचल।नशामुक्त समाज की स्थापना और युवा पीढ़ी को सुरक्षित भविष्य देने के लिए एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने ब्यावर जिले में एक बड़ी मुहिम का आगाज किया है। अतिरिक्त महानिदेशक (ADG) दिनेश एम. एन. और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) के महानिरीक्षक (IG) विकास कुमार के विशेष दिशा-निर्देशों के तहत बुधवार को केंद्रीय विद्यालय ब्यावर में “ऑपरेशन लक्ष्मण रेखा” का भव्य शुभारंभ किया गया।
क्या है “ऑपरेशन लक्ष्मण रेखा”?
जैसा कि नाम से ही स्पष्ट है, इस अभियान के तहत जिले की समस्त शैक्षणिक संस्थाओं के आसपास एक सुरक्षा कवच यानी ‘लक्ष्मण रेखा’ खींची जाएगी। स्कूलों और कॉलेजों के 500 मीटर के दायरे को पूरी तरह “नो ड्रग्स जोन” के रूप में चिन्हित कर ड्रग्स फ्री केंद्र बनाया जाना प्रस्तावित है।
विद्यार्थियों को दिलाई नशामुक्ति की शपथ
कार्यक्रम के दौरान ANTF पाली के उपनिरीक्षक (उ.नि.) सूरजभान सिंह मय स्टाफ और साकेत नगर थाने के पुलिस स्टाफ ने विद्यार्थियों और शिक्षकों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराया। अधिकारियों ने बताया कि नशा किस तरह सामाजिक, शारीरिक और देश को आर्थिक रूप से नुकसान पहुँचा रहा है।
“यदि कहीं भी अवैध मादक पदार्थों का कारोबार या तस्करी हो रही है, तो उसकी सूचना तुरंत पुलिस और ANTF टीम को दें। समाज के हर वर्ग को जागरूक कर ही हम एक जिम्मेदार नागरिक का फर्ज निभा सकते हैं।”
— सूरजभान सिंह, उपनिरीक्षक, ANTF
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी लोगों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई। सभी ने एक सुर में प्रशासन के इस अभियान को गांव-गांव और ढाणी-ढाणी तक पहुंचाने तथा जिले को पूरी तरह नशामुक्त बनाने का संकल्प लिया।
ग्राउंड लेवल पर एक्शन: तैनात होंगे वालंटियर्स, रखी गई शिकायत पेटी
इस अभियान को सिर्फ भाषणों तक सीमित न रखकर धरातल पर उतारने के लिए कार्यक्रम समाप्ति पर ANTF चौकी प्रभारी के सहयोग से विद्यालय परिसर में एक शिकायत पेटी (Complaint Box) रखवाई गई। इसके साथ ही संस्थान के शिक्षकों और विद्यार्थियों ने स्वेच्छा से आगे आकर इस मुहिम में स्वयंसेवक (Volunteers) बनने की सहमति दी, जिन्हें मौके पर ही नामित किया गया। ये स्वयंसेवक अपने संस्थान के आसपास नशामुक्त माहौल बनाए रखने में पुलिस की मदद करेंगे।
