पिता ने लगाई अपनी बेटी के बाल विवाह को रोकने की गुहार, थाने में दी शिकायत

सुरेश चंद्र मेघवंशी

माण्डल । थाना माण्डल क्षेत्र के ग्राम देबीपुरा, केरिया के युवक ने पुलिस थाना माण्डल में एक शिकायत प्रस्तुत कर अपनी 14 वर्षीय पुत्री के कथित बाल विवाह को रुकवाने की मांग की है।शिकायत में प्रार्थी ने बताया कि उसकी नाबालिक पुत्री की जन्म तिथि 07 अप्रैल 2012 है तथा वह वर्तमान में नाबालिग है। प्रार्थी ने आरोप लगाया कि कुछ परिजन एवं अन्य व्यक्तियों द्वारा उसकी पुत्री का कथित रूप से 4,50,000 रुपये लेकर “कुंवारा नाता विवाह” कराने की तैयारी की जा रही है।प्रार्थी के अनुसार, यह विवाह आगामी 10-15 दिनों के भीतर ग्राम देबीपुरा, केरिया में कराने की योजना बनाई जा रही है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि एक धार्मिक कार्यक्रम की आड़ में बाल विवाह कराए जाने की आशंका है।पिता ने पुलिस को दिए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया कि उसने संबंधित व्यक्तियों को ऐसा करने से मना किया, लेकिन कथित रूप से विवाह कराने की बात पर जोर दिया गया। शिकायतकर्ता ने दावा किया है कि इस संबंध में उसके पास रिकॉर्डिंग भी उपलब्ध है।प्रार्थी ने प्रशासन से मांग की है कि उसकी नाबालिग पुत्री का बाल विवाह तत्काल रुकवाया जाए तथा संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध कानूनन कार्रवाई की जाए। उसने यह भी कहा कि बाल विवाह से उसकी पुत्री के शारीरिक, मानसिक एवं शैक्षिक विकास पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
प्रार्थी ने प्रशासन से मांग की है कि उसकी नाबालिग पुत्री का बाल विवाह तत्काल रुकवाया जाए तथा संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध कानूनन कार्रवाई की जाए। उसने यह भी कहा कि बाल विवाह से उसकी पुत्री के शारीरिक, मानसिक एवं शैक्षिक विकास पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
शिकायत की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक भीलवाड़ा, जिला कलेक्टर, तहसीलदार माण्डल, पटवारी केरिया तथा ग्राम विकास अधिकारी को भी भेजी गई है।बाल विवाह भारतीय कानून के तहत दंडनीय अपराध है। मामले में पुलिस एवं प्रशासन द्वारा जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।